
सीहोर. बीती रात से जोरदार बारिश ने जिले भर को तरबतर कर दिया है. मंगलवार को भी सुबह से बारिश का सिलसिला बना रहा. नतीजतन नदी-नाले उफान पर आ गए. ग्रामीण क्षेत्रों में पुलियाओं के ऊपर पानी आ गया और ग्रामीण क्षेत्रों का शहर से संपर्क टूट गया.
सावन के महीने में मानसून पूरे शवाब पर आ गया है. बारिश का अनवरत सिलसिला जारी रहने से नदी- नाले उफान पर आ गए हैं. सीजन में पहली बार चद्दरपुल के ऊपर पानी आ जाने से झरने का मनमोहक नजारा दिख रहा था. इसके अलावा कर्बला पुल पर भी पानी आ जाने से मंडी पुलिस ने वहों से आवाजाही बंद कर दी थी.
कलेक्टर बालागुरू के के निर्देशानुसार जलमग्नीय पुल-पुलियों तथा रपटों पर कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है. यह कर्मचारी पूरी मुस्तैदी से अपनी ड्यूटी कर रहे हैं और पुल-पुलियों पर पानी होने की स्थिति में नागरिकों को इन्हें पार करने से रोक रहे हैं, ताकि संभावित दुर्घटनाओं को रोका जा सके. कलेक्टर बालागुरू के ने सभी संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों को निर्देश दिए हंै कि प्रत्येक नागरिक के जीवन की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है, इसलिए पुल-पुलियों पर बाढ़ का पानी होने की स्थिती में बेरिकैड्स लगाए जाएं और नागरिकों इन्हें पार करने से रोका जाए तथा सुरक्षित मार्गों से आवागमन संचालित कराया जाए.
लगातार बारिश के चलते जनजीवन अस्त- व्यस्त
उधर,बुधनी में बीते दो दिन से क्षेत्र में लगातार बारिश हो रही है जिसके चलते जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है सड़कों पर सन्नाटा पसरा हुआ है तो वहीं बाजारों में चहल पहल कम दिखाई दे रही है लोग मजबूरी वश छाते और बरसातियों का सहारा लेकर बाहर निकल रहे हैं. इस बारिश में सबसे ज्यादा प्रभावित स्कूली बच्चे हो रहे थे लगातार बारिश के बाद भी स्कूलों की छुट्टी घोषित नहीं होने पर बरसते पानी में स्कूल जाना पड़ रहा है जिसमें मंगलबार सुबह छोटे छोटे बच्चे छाते बरसाती के सहारे तेज बारिश में स्कूल पहुंचे थे।हालांकि कुछ निजी स्कूलों ने भारी बारिश को देखते हुए स्कूल लगाने के बाद छुट्टी कर दी थी. इस मामले को लेकर मीडिया ने प्रमुखता से कलेक्टर को अवगत कराया था. कलेक्टर बालागुरु के ने तत्काल बच्चों के लिए अपनी सहानभूति रखते हुए जिला शिक्षा अधिकारी को निर्देशित कर जिले के सभी शासकीय ओर अशासकीय विद्यालयों में दो दिन का अवकाश घोषित करने के की बात कही थी जिसमे जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय से जारी आदेश पर जिले के सभी शासकीय ओर अशासकीय विद्यालयों में अवकाश करने के आदेश जारी किए गए हैं.
