रायपुर 21 जुलाई (वार्ता) प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव भूपेश बघेल के शराब घोटाले में गिरफ्तार बेटे चैतन्य बघेल को मंगलवार को विशेष कोर्ट में पेश करेगी।
समझा जा रहा है कि ईडी रिमांड अवधि बढ़ाने का आग्रह करेगी। इससे पहले ईडी ने एक प्रेस नोट जारी कर कहा है कि चैतन्य के पास इस घोटाले के 16.70 करोड़ रुपए मिले थे। उसने इसे रियल एस्टेट कंपनियों में निवेश किया था। यह रकम नगद में ही लिया था।
इस बीच आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने सोमवार को शराब घोटाले मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। ईओडब्ल्यू ने पेशे से चार्टर्ड एकाउंटेट संजय कुमार मिश्रा, मनीष मिश्रा और अभिषेक सिंह को गिरफ्तार किया है। संजय मिश्रा का नाम शराब घोटाले और कोल घोटाले से जुड़ी वित्तीय गड़बड़ियों में भी सामने आया है। इन पर आरोप है कि, संजय और मनीष ने नेक्स्टजेन पावर कंपनी बनाई और एफएल 10 लाइसेंस लेकर राज्य में महंगी ब्रांडेड अंग्रेजी शराब की सप्लाई करते थे। उन्होंने घोटालों से प्राप्त अवैध धन को वित्तीय लेन-देन के जरिए वैध दिखाने का काम किया। वहीं मनीष मिश्रा उनके भाई हैं। दोनों को श्री भूपेश बघेल, चैतन्य बघेल और कारोबारी अनवर ढेबर का करीबी बताया जा रहा है।
