
सहारा रेगिस्तान से आ रही गर्म हवाओं ने बढ़ाया पारा, स्वास्थ्य जोखिमों के मद्देनजर सरकार ने उठाए कदम; लू और डिहाइड्रेशन से बचने के लिए विशेष निर्देश।
रबात, 8 जुलाई, 2025 (नवभारत): उत्तरी अफ्रीकी देश मोरक्को इन दिनों भीषण गर्मी की चपेट में है। तापमान लगातार बढ़ रहा है और कई क्षेत्रों में यह 50 डिग्री सेल्सियस के करीब पहुँच गया है, जिससे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। इस स्थिति को देखते हुए मोरक्को सरकार ने नागरिकों को कई भाषाओं में चेतावनी जारी करना शुरू कर दिया है, ताकि सभी तक आवश्यक जानकारी पहुँच सके और वे इस जानलेवा गर्मी से अपना बचाव कर सकें।
मोरक्को के राष्ट्रीय मौसम विज्ञान विभाग (DMN) ने पुष्टि की है कि यह अत्यधिक गर्मी सहारा रेगिस्तान से आ रही गर्म और शुष्क हवाओं के कारण है। इन हवाओं ने देश के आंतरिक और दक्षिणी क्षेत्रों में तापमान में भारी वृद्धि की है, जिससे लू लगने और डिहाइड्रेशन जैसे स्वास्थ्य जोखिम बढ़ गए हैं। DMN ने नागरिकों को “अत्यंत सावधानी” बरतने की सलाह दी है, खासकर दोपहर के समय जब तापमान अपने चरम पर होता है।
स्वास्थ्य सुरक्षा और सार्वजनिक जागरूकता पर जोर
सरकार सार्वजनिक स्थानों पर जागरूकता अभियान चला रही है, जिसमें मोरक्कन अरबी (दारिजा), तामज़िगट (बर्बर) और फ्रेंच सहित प्रमुख भाषाओं का उपयोग किया जा रहा है ताकि व्यापक आबादी तक संदेश पहुँच सके।
नागरिकों को पर्याप्त पानी पीने, धूप में बाहर निकलने से बचने, हल्के कपड़े पहनने और बुजुर्गों, बच्चों तथा बीमार लोगों का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी गई है। स्वास्थ्य अधिकारियों ने भी अस्पतालों को अलर्ट पर रखा है ताकि गर्मी से संबंधित आपात स्थितियों से निपटा जा सके। मोरक्को के लिए यह असामान्य गर्मी का अनुभव है, और अधिकारी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।
