
बीजिंग 02 जुलाई (वार्ता) चीनी प्रधानमंत्री ली कियांग द्विपक्षीय संबंधों और पारस्परिक रूप से लाभकारी सहयोग को गहरा करने पर चर्चा करने के लिए 9-10 जुलाई को मिस्र की आधिकारिक यात्रा पर जायेंगे। चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता माओ निंग ने बुधवार को यह जानकारी दी।
माओ ने एक ब्रीफिंग में कहा, “मिस्र के प्रधानमंत्री मुस्तफा कमाल मदबौली के निमंत्रण पर, राज्य परिषद के प्रधानमंत्री ली कियांग 9 से 10 जुलाई तक मिस्र की आधिकारिक यात्रा पर जाएंगे।”
माओ ने कहा कि मिस्र चीन के साथ राजनयिक संबंध स्थापित करने वाला पहला अरब और अफ्रीकी देश है। आज दोनों देश व्यापक रणनीतिक साझेदार हैं।
प्रवक्ता ने कहा, “हाल के वर्षों में, चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग और मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह सीसी के रणनीतिक नेतृत्व में, चीन-मिस्र संबंध समृद्ध हो रहे हैं और आपसी विश्वास दिन-प्रतिदिन गहरा हो रहा है। इसके अलावा विभिन्न क्षेत्रों में व्यावहारिक सहयोग ने फलदायी परिणाम प्राप्त किए हैं और बहुपक्षीय सहयोग घनिष्ठ और मजबूत हो गया है।”
चीन और मिस्र दोनों ही ब्रिक्स के सदस्य देश हैं। साथ ही रूस, ब्राजील, भारत, दक्षिण अफ्रीका, इथियोपिया, ईरान, संयुक्त अरब अमीरात और इंडोनेशिया भी ब्रिक्स के सदस्य देश हैं। बेलारूस, बोलीविया, कजाकिस्तान, थाईलैंड, क्यूबा, युगांडा, मलेशिया, नाइजीरिया, वियतनाम और उज्बेकिस्तान ब्रिक्स के भागीदार देश हैं।
