जबलपुर:नेताजी सुभाष चंद्र बोस मेडिकल कॉलेज के हॉस्टल की तीसरी मंजिल से पांच जून को जूनियर डॉक्टर ने कूदकर खुदकुशी कर ली थी। मामले मेेें सीनियर छात्रों द्वारा रैगिंग किए जाने का आरोप लगने के बाद ही मामले ने तूल पकड़ा हुआ हैं। मृतक के परिजन रीवा से जबलपुर पहुंचे उसके बाद पुलिस ने उनके बयान दर्ज किए। सूत्रों की मानें तो परिजनों ने रैगिंग संबंधित अन्य बातें पुलिस को बताई हैं। वहीं परिजनों के मेडिकल कमेटी ने भी बयान दर्ज किए हैं। नम आंखे के साथ रोते बिलखते हुए परिजन होनहार बेटे को याद कर बयान दर्ज कराते रहे।
विदित हो कि मूलत: रीवा निवासी शिवांश गुप्ता पिता संतोष दुबे 20 वर्ष मेडिकल कॉलेज में फस्र्ट ईयर का स्टूडेंट था। हॉस्टल नंबर चार में रह रहा था। पांच जून का दोपहर करीब 12 बजे उसने हॉस्टल की तीसरी मंजिल से छलांग लगा दी थी इलाज के दौरान दोपहर 2:15 बजे उसकी मौत हो गई थी। मामले में पुलिस के साथ मेडिकल डीन नवनीत सक्सेना द्वारा गठित की गई जांच कमेटी भी अनेक बिन्दुओं पर जांच कर रही हैं। सीएसपी एच.आर. पांडे ने बताया कि मृतक छात्र के माता-पिता और बहन गुरूवार को रीवा से शहर पहुंचे थे। गढ़ा थाना प्रभारी प्रसन्न कुमार शर्मा ने बयान दर्ज किए हैं। जल्द ही जांच में जो तथ्य सामने आएंगे उसके आधार पर आगे की कार्यवाही होगी।
