लाहौर, 11 जून (वार्ता) पाकिस्तान 22 जून को अंतर्राष्ट्रीय उत्तर-दक्षिण गलियारा (आईएनएसटीसी) के जरिए लाहौर से रूस तक अपनी पहली मालगाड़ी सेवा का उद्घाटन करने जा रहा है, जो क्षेत्रीय संपर्क और अंतर्राष्ट्रीय व्यापार विस्तार के लिए देश की प्रयासों में एक महत्वपूर्ण कदम है।
रेल मंत्री मुहम्मद हनीफ अब्बासी ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि नयी मालगाड़ी सेवा पाकिस्तान रेलवे को आधुनिक बनाने और विस्तारित रसद संचालन के माध्यम से राजस्व बढ़ाने की एक व्यापक पहल का हिस्सा है। पाकिस्तान के रेल नेटवर्क को उज्बेकिस्तान और कजाकिस्तान सहित मध्य एशियाई देशों से जोड़ा जाएगा, जो व्यापक क्षेत्रीय एकीकरण प्रयासों का हिस्सा है। उन्होंने कहा, “हम सिर्फ़ रेलवे नहीं, बल्कि एक आर्थिक गलियारा भी बना रहे हैं। यह मार्ग अंतर्राष्ट्रीय उत्तर-दक्षिण परिवहन गलियारे (आईएनएसटीसी) की पूर्वी शाखा का उपयोग करेगा, जो पाकिस्तान को ईरान, तुर्कमेनिस्तान, कज़ाकिस्तान और अंततः दक्षिणी रूस से जोड़ने वाला सबसे तेज़ (14 से 19 दिनों के बीच) पारगमन विकल्प प्रदान करता है।”
पाकिस्तान रेलवे के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार मालगाड़ी लाहौर से रवाना होगी और ईरान के साथ ताफ्तान सीमा पार करने के लिए पाकिस्तान के भीतर 2,001 किलोमीटर का रास्ता तय करेगी। वहां से रेल गेज में बदलाव के कारण माल को दक्षिण-पूर्वी ईरान के ज़ाहेदान में दूसरी ट्रेन में स्थानांतरित किया जाएगा। इसके बाद यह यात्रा ईरान-तुर्कमेनिस्तान सीमा पर सराख्स से होते हुए आगे बढ़ेगी, बोलाशक-अक्तौ गलियारे के माध्यम से कजाकिस्तान में प्रवेश करेगी, और पश्चिमी कजाकिस्तान के अटराउ से होते हुए दक्षिणी रूस के प्रमुख लॉजिस्टिक्स केंद्र आस्ट्राखान में अपने अंतिम गंतव्य तक पहुंचेगी। पूरा मार्ग लगभग आठ हजार किलोमीटर तक फैला है, जिसमें बफर अवधि सहित 20-25 दिन का अपेक्षित पारगमन समय है।
उन्होंने बताया कि इस मार्ग का चयन इसकी परिचालन दक्षता और स्थापित ट्रांसशिपमेंट इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए किया गया है।
