
मझौली। जिले में मड़वास थाना क्षेत्र के बनिया टोला गांव में राजकुमार गुप्ता के घर में गुरुदीक्षा समारोह के आयोजन में रविवार की शाम करीब 5 बजे परोसी गई कटहल की सब्जी जहरीली बन गई। सब्जी में गलती से जहरीला सांप पकने से यह पूरा आयोजन भयावह हादसे में तब्दील हो गया। बताया गया है कि कटहल के पेंड़ के नीचे भोजन बनाया जा रहा था। उसी दौरान सब्जी के अंदर करीब एक फिट लंबा सांप सब्जी के साथ पका मिला। समारोह में शामिल 150 से अधिक लोगों ने इस कटहल सब्जी का सेवन किया। जिनमें 50 से ज्यादा लोगों की तबीयत बिगड़ चुकी है। आधा दर्जन से अधिक लोगों की हालत ज्यादा प्रभावित बताई जा रही है। घटना के बाद पूरे गांव में अफरा-तफरी मच गई। लोगों को उल्टी-दस्त और बेहोशी जैसे लक्षण होने लगे। कई मरीजों को तत्काल मड़वास और मझौली अस्पताल पहुंचाया गया। चौंकाने वाली बात यह रही कि मझौली के बीएमओ डॉ. पीएल सागर बीते 10 दिनों से नदारद थे, जिससे इलाज में और देरी हुई और लोगों की नाराजगी स्वास्थ्य अमले के प्रति और बढ़ गई है। मझौली अस्पताल में मौजूद नर्स द्वारा सभी प्रभावित लोगों को इंजेक्शन लगाया गया। घटना के बाद जब सब्जी में सर्प पकने की बात सामने आई तो गांव में मातम सा माहौल बन गया। जिन परिवारों ने कटहल की सब्जी खाई थी। उनमें दहशत फैल गई। घर-घर में बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं बीमार पड़े हैं। लोगों ने आरोप लगाया कि अगर प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं समय पर मुहैया कराई जातीं, तो बीमारों की हालत इतनी नहीं बिगड़ती। गनीमत यह रही कि सब्जी का सेवन करने वाले अधिकांश लोगों की हालत ज्यादा नहीं बिगड़ी जिसके चलते कुछ घंटे के अंदर ही अधिकांश लोगों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
देर रात तक अस्पतालों मे रही भीड़-
बनिया टोला में जहरीली सब्जी का सेवन करने के पश्चात देर रात तक अस्पतालों में लोग उपचार कराने के लिये पहुंचते रहे। सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र मझौली, प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र मड़वास में सबसे ज्यादा उपचार कराने के लिये लोगों को पहुंचाया गया। सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र मझौली में रतनलाल पिता अवध प्रसाद गुप्ता 19 वर्ष, भूपेन्द्र पिता रामध्रुव गुप्ता 35 वर्ष, राजेन्द्र पिता रामप्रसाद गुप्ता 28 वर्ष, राजेन्द्र पिता पारसनाथ गुप्ता 29 वर्ष, नीरज पिता सूर्यभान गुप्ता 20 वर्ष सभी निवासी बनिया टोला, वृंदावन पिता छोटेलाल गुप्ता 45 वर्ष निवासी सिरौला समेत अन्य लोग पहुंचे। इसके अलावा मड़वास तथा जिला अस्पताल में भी कुछ लोगों को उपचार के लिये पहुंचाया गया।
