उज्जैन: उज्जैन में आयोजित स्पिरिचुअल और वेलनेस समिट में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि महाकाल की नगरी में निवेश करने का यही समय है। मध्यप्रदेश सरकार निवेशकों को अनुकूल नीति, बेहतर कनेक्टिविटी, स्वच्छता, और प्रोत्साहन योजनाएं उपलब्ध करा रही है। आधा दर्जन से अधिक नामी निवेशकों ने वेलनेस और हॉस्पिटैलिटी क्षेत्र में निवेश का भरोसा जताया है।
मुख्यमंत्री ने डॉ. विनोद भंडारी, मुकुंद प्रसाद, डॉ. मृत्युंजय स्वामी, युगांश सोनी, सुदीप रॉय, और हितेश्वर सिंह सहित अन्य निवेशकों से मुलाकात की। प्रमुख सचिव शिव शेखर शुक्ला ने “4C मॉडल” (Connectivity, Climate, Cleanliness, Cash) के आधार पर राज्य की निवेश संभावनाएं बताईं।
कलेक्टर रोशन कुमार सिंह ने सिंहस्थ 2028 के लिए उज्जैन में योजनाबद्ध विकास कार्यों की रूपरेखा प्रस्तुत की, जिनमें आईटी पार्क, वेलनेस हब, आवागमन सुधार, और शिप्रा नदी संरक्षण प्रमुख हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के योग और आयुर्वेद आधारित वैश्विक वेलनेस विजन को आगे बढ़ाते हुए उज्जैन को वेलनेस और स्पिरिचुअल हब बनाने की दिशा में ये समिट एक मजबूत पहल है।
समिट में 300 से अधिक विशेषज्ञों और निवेशकों ने भाग लिया।
