
चंडीगढ़ 19 अप्रैल (वार्ता) पंजाब किंग्स रविवार को रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के खिलाफ होने वाले मैच में लय और मनोवैज्ञानिक बढ़त के साथ उतरेगी।
इस सप्ताह की शुरुआत में बारिश के कारण 14 ओवर के मैच में पंजाब ने पांच विकेट से जीत हासिल की थी। आरसीबी पर जीत इस सीजन में पंजाब की सात मैचों में पांचवीं जीत थी, जिससे वह अंक तालिका में दूसरे स्थान पर पहुंच गया और प्लेऑफ में अपनी जगह पक्की कर ली।
इसके विपरीत, बेंगलुरु ने पिछले तीन मैचों में से दो मैच गंवाए और मिड-टेबल में खिसक गया। अब तक सिर्फ चार जीत के साथ, आरसीबी की गलती की संभावना तेजी से कम हो रही है। श्रेयस अय्यर के नेतृत्व में पंजाब ने अपने पर हमेशा से ही कमतर प्रदर्शन करने का ठप्पा हटा दिया है। टीम ने गेंदबाज और बल्लेबाजी विभागों में स्थिरता पाई है। सलामी बल्लेबाज प्रभसिमरन सिंह और प्रियांश आर्य ने मजबूत शुरुआत दी है, जबकि अय्यर, जोश इंगलिस और नेहल वढेरा ने मध्य क्रम में गहराई और अनुकूलनशीलता सुनिश्चित की है। मार्कस स्टोइनिस और शशांक सिंह ने दबाव की स्थितियों में योगदान दिया है, जिससे बल्लेबाजी लाइनअप को ताकत और परिपक्वता दोनों मिली है।
गेंदबाजी विभाग में पंजाब ने शानदार प्रदर्शन किया है। अर्शदीप सिंह और जेवियर बार्टलेट ने नई गेंद से शुरुआती झटके दिए हैं, जबकि मार्को जेनसन और युजवेंद्र चहल ने बीच के ओवरों में महत्वपूर्ण सफलताएं दिलाई हैं। तीनों ने मिलकर बेंगलुरु के खिलाफ पिछले मैच में छह विकेट लिए थे और उन्हें 95 रन पर रोक दिया था।
पंजाब पहले बल्लेबाजी करने वाली टीमों के अनुकूल सतह पर भी यही प्रदर्शन दोहराना चाहेगा। रजत पाटीदार और उनके खिलाड़ियों पर दबाव बढ़ रहा है। पिछली हार विशेष रूप से निराशाजनक थी, जिसमें स्टार खिलाड़ियों से सजी लाइनअप अनुशासित गेंदबाजी का सामना करने में विफल रही थी। टिम डेविड और जोश हेजलवुड की शानदार गेंदबाजी के बावजूद, विराट कोहली और फिलिप साल्ट पर बेंगलुरु की अत्यधिक निर्भरता ने शुरुआती विकेट गिरने पर उन्हें कमजोर बना दिया है।
पडिक्कल, लिविंगस्टोन और जितेश शर्मा वाले मध्य क्रम को अधिक जिम्मेदारी उठानी होगी, जबकि भुवनेश्वर कुमार और यश दयाल को पंजाब को काबू में रखने के लिए शुरुआती सफलताएं हासिल करनी होंगी। पिछले मैच में हेजलवुड द्वारा लिये गये तीन विकेट निर्णायक साबित हुये थे।
