
इंदौर । नगर निगम चंदन नगर से एयरपोर्ट रोड को जोड़ने वाली सड़क का निर्माण करेगा। इसके लिए निगम की एमआईसी बैठक में टेंडर को स्वीकृत कर दिया है। साथ ही शहर की सभी सीमाओं पर प्रवेश द्वार का निर्माण करने सहित कई बिंदुओं पर स्वीकृति दी गई है।
आज महापौर पुष्यमित्र भार्गव की अध्यक्षता में हुई एमआईसी की बैठक में 1 हजार करोड़ से ज्यादा के विकास कार्यों को मंजूरी दी गई। बैठक के एजेंडे में 23 प्रस्ताव रखे गए थे और सभी स्वीकृत कर दिए गए। एमआईसी ने सड़कों, जलप्रदाय और वृक्षारोपण से जुड़े विकास कार्यों पर सहमति देकर निविदाएं मंजूर की।
इंदौर में प्रवेश करने वाली सभी सीमाओं पर भव्य प्रवेश द्वार का निर्माण किया जाएगा। विकास की दृष्टि से चंदन नगर से एयरपोर्ट रोड को जोड़ने वाली सड़क को 26 करोड़ लागत से बनाया जाएगा। एमआईसी ने उक्त सड़क निर्माण के टेंडर स्वीकृत कर दिया है। यह सड़क चंदन नगर से नंदन नगर, कालानी नगर होते हुए एयरपोर्ट रोड पर मौसा जलेबी कॉर्नर पर मिलेगी।
शहर में अमृत 2.0 योजना के तहत 40 पानी की नई टंकियां बनाने और 75 पानी की टंकियों से सप्लाय लाइन डालने का प्रस्ताव मंजूर किया । इसके लिए 965 करोड़ की निविदा बुलाने पर स्वीकृति दी गई।
वार्ड 65 स्थित ट्रांसपोर्ट नगर में 8 करोड़ की लागत से तीन गलियों और मुख्य सड़क का निर्माण करने को स्वीकृति प्रदान की गई । यह कार्य जनसहयोग से होगा। कबीट खेड़ी स्थित 245 एमएलडी प्लांट से रेवती रेंज पौधरोपण स्थल तक पानी पहुंचाने के लिए 11 करोड़ से लाइन बिछाने के प्रस्ताव को मंजूर किया गया। इसके अलावा ट्रैफिक सुधार और फायर सुविधा हेतु फायर प्रकोष्ठ का गठन करने का निर्णय लिया गया है।
स्वामी प्रीतमदास सभागृह लीज पर देने का निर्णय , आलोचना
एमआईसी की बैठक में एक महत्वपूर्ण निर्णय में सिंधी कॉलोनी स्थित स्वामी प्रीतमदास सभा गृह को एक समाज को लीज पर देने की सहमति दी गई। यह पहला मौका है जब निगम द्वारा निर्मिग भवन को लीज कर दिया जा रहा है। आईडीए लता मंगेशकर ऑडिटोरियम को भी किराए पर ही चला रहा है। जनता से जुड़े सूत्रों का कहना है कि उक्त सभा गृह को लीज पर देने से समाज की मनमानी शुरू हो जाएगी। अभी यह हाल किसी भी समाज को किराए पर आसानी से मिल जाता है। समाज उसके निजी प्रॉपर्टी मानकर संचालित करेगा , जो अनुचित होकर गलत निर्णय माना जा सकता है। एमआईसी का निर्णय भविष्य में अनुचित साबित होगा , जो कई बार विवाद का भी कारण बन सकता है , ऐसा सूत्रों का कहना है।
बैठक में आयुक्त शिवम वर्मा सहित महापौर परिषद सदस्य एवं निगम अधिकारीगण उपस्थित थे ।
