उलन बटोर, 18 अप्रैल (वार्ता) मंगोलिया में इस साल की शुरुआत से मानव टिक-जनित बीमारियों के कम से कम 44 मामले सामने आए हैं।
राष्ट्रीय संचारी रोग केंद्र (एनसीसीडी) ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
मानव टिक जनित जटिलताओं में बुखार, थकान, सिरदर्द, मतली शामिल हैं और यह मेनिन्जाइटिस का कारण बन सकता है। टिक-जनित इंसेफेलाइटिस वायरस (टीबीईवी) एक जूनोटिक एजेंट है जो मनुष्यों में गंभीर इंसेफेलाइटिस का कारण बनता है और संक्रमित टिक के काटने से फैलता है।
एनसीसीडी ने एक बयान में कहा, “वर्तमान में, संक्रमित लोगों में से पांच का देश के राष्ट्रीय संचारी रोग केंद्र में इलाज किया जा रहा है। मंगोलिया में वसंत के दौरान टिक-जनित बीमारियों की घटनाएं बढ़ जाती हैं।”
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