
सीधी। नगरीय विकास एवं आवास मंत्री के निर्देश एवं शिकायतों के बाद भी सीधी में विकसित अवैध कालोनियों के खिलाफ ठोस कार्यवाही नही हो रही है। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि शहर में विकसित हो रही अवैध कालोनियों पर कब होगी कार्यवाही होगी? प्रदेश सरकार के नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय द्वारा 23 जुलाई 2024 को समीक्षा बैठक में अधिकारियों को निर्देशित किया गया था कि प्रदेश में अवैध कालोनियों पर तत्काल रोक लगे और दोषियों के विरूद्ध कठोर कार्यवाई की जाए। श्री विजयवर्गीय ने यह भी निर्देश दिया था कि अवैध कालोनी के निर्माण से जुड़े कॉलोनाइर, एजेन्ट और क्षेत्रीय अधिकारियों के खिलाफ कड़ी सजा एवं आर्थिक दंड के प्रावधान किये जाएं। विडम्बना यह है कि नगरीय विकास मंत्री के उक्त निर्देश पर सीधी जिला मुख्यालय एवं उससे लगे क्षेत्र में ही पालन नहीं किया जा रहा है। जबकि सीधी में विकसित हो रही अवैध कालोनियों के खिलाफ लम्बे समय से शिकायतें की जा रही हैं। उक्त शिकायतों के तारतम्य में संचालनालय में नगरीय प्रशासन एवं विकास भोपाल के अपर आयुक्त द्वारा पत्र क्रमांक 14426, दिनांक 23.08.2023 को कलेक्टर सीधी को निर्देशित किया गया था कि नगर पालिका परिषद सीधी एवं समीपी ग्रामों में भूमाफियाओं द्वारा बिना डायवर्सन कराकर विधि विरूद्ध तरीके से भूमियों में की जा रही प्लाटिंग पर रोक लगाया जाकर भूमियों के विक्रय को प्रतिबंधित करते हुये सभी सुविधाओं पर वैधानिक कार्यवाई की जाए। उक्त शिकायत बृजेश नाथ शास्त्री वार्ड क्रमांक 10 सीधी के द्वारा की गयी थी। जिसमें कहा गया था कि नगर पालिका सीधी क्षेत्रांतर्गत ग्राम पड़ैनिया खुर्द, पड़ैनिया पवाई, पड़ैनिया कला, सीधी कला, सोनाखांड, पटपरा मार्ग आदि स्थानों पर भूमियों का बिना डायवर्सन कराये विधि विरूद्ध प्लांटिंग कर विक्रय किया जा रहा है।
