
जयपुर, (वार्ता) राजस्थान में जयपुर के सांगानेर थाना क्षेत्र में शनिवार काे वीर तेजाजी की मूर्ति तोड़ने के आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि सुबह जयपुर पूर्व क्षेत्र में किसी अज्ञात शख्स द्वारा लोकदेवता श्रीतेजाजी की मूर्ति तोड़ने की जानकारी मिली। इस घटना की गंभीरता को देखते हुए आराेपी की तलाश के लिये पुलिस के 10 दलों का गठन किया गया। पुलिस के इन दलों ने सीसीटीवी फुटेज को खंगाला तो रात के करीब ढाई एक कार दिखी जिसमें सवार व्यक्ति ने उक्त मूर्ति तोड़ी थी।
पुलिस ने बताया कि इस पर उक्त के नम्बरों की जांच की गयी तो वह किसी सिद्धार्थ सिंह के नाम से पाई गयी। इस पर पुलिस ने सिद्धार्थ सिंह को ढूंढ़ निकाला और उसे दबोंच मिला। पुलिस ने बताया कि सिद्धार्थ सिंह ने पूछताछ में बताया कि उसका राजापार्क में तमस कैफे के नाम से रेस्टोरेंट था। जो बंद हो गया। उसकी इससे वह अवसादग्रस्त हो गया। कल रात उसने एक दोस्त के साथ शराब पी और रात करीब ढाई बजे वह घर के लिये निकला। वहां मंदिर दिखाई दिया तो वह वहां पहुंचा और भगवान को काेसने लगा। इसी निराशा में उसने मंदिर में मूर्ति को तोड़ दिया।
पुलिस ने बताया कि सिद्धार्थ सिंह मूल रूप से बीकानेर के बीछवाल थाना क्षेत्र में कैलाश पुरी का निवासी है। फिलहाल वह जयपुर में आदर्श नगर क्षेत्र में निवासरत है।
उल्लेखनीय है कि लोकदेवता वीर तेजाजी की मूर्ति टूटने से क्षेत्र में तनाव व्याप्त हो गया। इस पर मामला संवेदनशील होने के चलते पुलिस ने आरोपी को पकड़ने के लिये बड़े स्तर पर अभियान छेड़ दिया।
