
इटारसी। श्रीमंत विजयाराजे सिंधिया खेल प्रशाल में विभिन्न खेलों के तीन प्रशिक्षकों सहित सात लोगों के स्टाफ की स्वीकृति है, लेकिन मौके पर हालात एकदम विपरीत हैं। रख-रखाव और देखरेख के अभाव में करोड़ों का यह स्टेडियम खराब हो रहा है, इसमें लगी ओपन जिम बेकार हो गयी है, कमरो में रखे गद्दे सहित अन्य सामान कबाड़ हो रहा है। जिला खेल अधिकारी के पास इतना वक्त नहीं होता कि वे सप्ताह में एक बार भी यहां का विजिट करके व्यवस्थाओं का जायजा ले सके। वे केवल जिला मुख्यालय पर रहकर ही ड्यूटी करने को अपना कर्तव्य मानती हैं।
विधानसभा में विधायक डॉ. सीतासरन शर्मा ने जब खेल मंत्री विश्वास सारंग के समक्ष सवाल किया तो जवाब मिला कि यहां आउटसोर्स पर 1 सुरक्षा कर्मी, एक सफाई कर्मी, एक ग्राउंडमैन एवं खेल सिखाने के लिए तीन सहायक प्रशिक्षक स्वीकृत हैं जो एथलेटिक्स बास्केटबाल (और बैडमिंटन सिखाएंगे। हास्यास्पद स्थिति तो यह है कि ये तीनों खेल के लिए यहां माहौल ही नहीं है। बैडमिंटन कोर्ट में घास उगी है तो अन्य कोर्ट के भी कमोवेश यही हाल हैं। जहां तक सुरक्षाकर्मी का सवाल है तो ये भी कब आते, किसी को पता नहीं, क्योंकि मैदान में जानवर घुसे रहते हैं, ग्राउंड की हालत खराब है, रनिंग ट्रैक लापता हो गया है, लाइट खराब हैं, घास सूख रही है, नालियां टूट रही हैं।
