नयी दिल्ली, (वार्ता) राजधानी में ह्यूंडई मोटर इंडिया फाउंडेशन (एचएमआईएफ) शुक्रवार से तीन दिवसीय अपनी प्रमुख पहल ‘आर्ट फॉर होप’ के चौथे सीजन का शुभारंभ करेगा।
इस कार्यक्रम का उद्घाटन केंद्र सरकार के संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत करेंगे। यह तीन दिवसीय कला और सांस्कृतिक महोत्सव कलाकारों और कारीगरों को सशक्त बनाने के साथ-साथ भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को प्रोत्साहित करने का प्रयास है।
कार्यक्रम के तहत 15 राज्यों के 50 कलाकारों को कुल 60 लाख रुपये का अनुदान दिया गया। अब तक इस पहल के जरिए 150 से अधिक कलाकारों को 1.65 करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता मिल चुकी है, जिससे 25 हजार से अधिक कारीगरों को भी लाभ पहुंचा है।
इस मौके पर स्थानीय कारीगरों के स्टॉल, वर्कशॉप, एक्सपर्ट सेशन, राउंडटेबल वार्ता के साथ-साथ दिव्यांग कलाकारों के लिए विशेष अवसर भी प्रदान किए जाएंगे, जिससे भारतीय कला और संस्कृति को बढ़ावा मिलेगा।
इस वर्ष 40 व्यक्तिगत कलाकारों और 10 कला समूहों को अनुदान दिया गया है, जिनमें पांच दिव्यांग कलाकार भी शामिल हैं।
इस महोत्सव के तहत मथुरा की सांझी पेपरकट, गुजरात की लिप्पन कला और आंध्र प्रदेश की कलमकारी जैसी पारंपरिक कलाओं की कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी। इसके अलावा, नयी दिल्ली और महाराष्ट्र के थिएटर कलाकारों द्वारा नाट्य प्रस्तुतियां दी जाएंगी, जिससे कला प्रेमियों को भारत की सांस्कृतिक विरासत का अनुभव करने का अवसर मिलेगा।
इस दौरान, लावणी, ओट्टन थुल्लल, थेय्यम और यक्षगान जैसे भारतीय लोकनृत्यों की शानदार प्रस्तुतियां देखने को मिलेंगी। इस महोत्सव में दिव्यांग कलाकारों के विशेष संगीत बैंड का प्रदर्शन भी होगा, जो समावेशी कला को बढ़ावा देगा।
इसके अलावा, आर्टिसन फेस्ट के तहत 15 इको-फ्रेंडली एनजीओ और छोटे उद्यमों के स्टॉल लगाए जाएंगे, जो हस्तशिल्प और पर्यावरण अनुकूल उत्पादों को प्रदर्शित करेंगे। महोत्सव में ‘आर्ट फ्रॉम वेस्ट’ (कचरे से कला) और ‘डिजाइन व कला में समावेश’ जैसे विषयों पर स्पीकर सेशन भी आयोजित किए जाएंगे, जो कला और नवाचार के नए आयाम प्रस्तुत करेंगे।
दिव्यांगों के लिए टैक्टाइल आर्टवर्क, ऑडियो-विजुअल साइन लैंग्वेज टूर और ब्रेल डिस्क्रिप्शन की व्यवस्था की गई है, जिससे वे भी इस कला महोत्सव का आनंद ले सकें।
