मिलिंग के लिए जा रही धान बाहर के जिलों में नहीं पहुंच रही

लोकल लेवल पर ही धान के साथ हो रही हेराफेरी
 जबलपुर: धान खरीदी के समय हुई उपार्जन में गड़बड़ी के बाद अब खरीदी खत्म होने के बाद अब उस पर हेराफेरी का काम भी शुरू हो चुका है। जिसके चलते यह बात सामने आ रही है, की जिले से धान की मिलिंग के लिए जिन मिलर्स को यहां से दूसरे जिले में धान पहुंचाई जा रही है। वास्तव में वह धान मिलर्स को नहीं मिल पा रही है, यह भी आरोप सामने आए हैं कि उक्त धान को लोकल लेवल पर ही हेराफेरी कर बेचा जा रहा है। जिसके चलते दूसरे जिले के मिलर्स को धान नहीं मिल पा रही है। वहीं समितियों द्वारा फर्जी आरओ काट कर धान के साथ हेराफेरी की जा रही है।
विधायक विश्नोई ने कलेक्टर को लिखा पत्र
जानकारी के अनुसार पाटन विधायक अजय बिश्नोई ने कलेक्टर को पत्र लिखकर इस पूरे मामले की जानकारी दी है। उन्होंने पत्र के माध्यम से बताया कि धान उपार्जन में इस बार कई गड़बड़ी सामने आई है , जिसके चलते कई केंद्रों पर धान की घटी भी हुई है, इसके अलावा जो धान जिले से बाहर मिलिंग के लिए जा रही है, वह संबंधित जिलों में नहीं पहुंच रही है। इसके अलावा मिलर्स द्वारा ही लोकल लेवल पर ही इसको बेचने आदि का कार्य किया जा रहा है। जिस पर बारीकी से जांच कर कार्यवाही की जाए। जिससे आगामी गेहूं उपार्जन को लेकर ऐसी गड़बडिय़ां सामने ना आए। जिसके चलते कलेक्टर ने एक जांच दल का गठन किया है।
इनका कहना है
धान उपार्जन में कई गड़बड़ी हुई है, कई केंद्रों पर धान की घटती भी पाई गई है, जिसको बढ़ाने के लिए समिति द्वारा फर्जी आरओ भी काटे जा रहे हैं और मिलर्स के पास धान ही नहीं पहुंच रही है।  आगामी गेहूं के समय ऐसी गड़बड़ी सामने ना आए जिसके चलते कलेक्टर को पत्र लिखकर कार्यवाही करने की मांग की है।
अजय विश्नोई, विधायक

विधायक जी ने पत्र लिखा है, जिसमें उन्होंने यह आशंका जाहिर की है कि जिले से जो धान मिलिंग के लिए जा रही है, वह संबंधित जिलों पर नहीं पहुंच पा रही है। जिसको लेकर एक जांच दल का गठन किया है, जो की जांच करके 15 दिनों में रिपोर्ट प्रस्तुत करेगा। जिसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
दीपक सक्सेना, कलेक्टर

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