
शुजालपुर, शेयर बाजार में निवेश के नाम पर लोगों को मुनाफे का झांसा देकर धोखाधड़ी करने वाले एक अवैध एडवायजरी ऑफि स का शुजालपुर मंडी पुलिस ने पर्दाफाश किया है. पुलिस ने ऑफि स संचालित करने वाले संचालक सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है. आरोपी फ र्जी सिम कार्ड और मोबाइल नंबरों का उपयोग कर लोगों से संपर्क करते थे. पुलिस को मौके से मोबाइल फोन, बारकोड और लेन-देन का हिसाब दर्ज रजिस्टर भी मिला है.
पुलिस के अनुसार 23 अक्टूबर को मुखबिर से सूचना मिली थी कि बंधन बैंक के पास जैन मंदिर रोड स्थित ऋ षि जायसवाल के मकान में अवैध गतिविधियां संचालित की जा रही हैं. सूचना पर पुलिस टीम ने मौके पर दबिश दी तो एक कमरे में युवक-युवतियां मोबाइल फ ोन पर बातचीत करते मिले. पुलिस को देखकर तीन युवक मोबाइल छिपाने का प्रयास करने लगे. पूछताछ में उनकी पहचान ऋ षि पिता रमेशचंद्र जायसवाल निवासी जैन मंदिर रोड शुजालपुर मंडी, रोहन पिता भगवान सिंह परमार निवासी नांदासुरा और अभिषेक पिता दिनेश मेवाड़ा निवासी रानी बड़ोद के रूप में हुई.
30 प्रतिशत कमीशन का था खेल
पूछताछ में ऋ षि जायसवाल ने स्वयं को ऑफि स का संचालक तथा रोहन और अभिषेक को मैनेजर बताया. ऑफि स में कर्मचारी वेतन पर काम करते थे. आरोपियों द्वारा उन्हें मोबाइल नंबरों की सूची दी जाती थी, जिन पर फ ोन कर लोगों को शेयर बाजार में निवेश के लिए प्रेरित किया जाता था. निवेश से होने वाले लाभ का 30 प्रतिशत कमीशन ऑफि स में देने की बात कही जाती थी. ग्राहकों से राशि जमा कराने के लिए कर्मचारियों को बारकोड उपलब्ध कराए जाते थे. फ ोन करने के लिए मोबाइल और सिम कार्ड भी संचालक ही देता था. इन सिम कार्डों के वास्तविक धारकों की जानकारी कर्मचारियों को नहीं होती थी.
रजिस्टर में मिला लेन-देन का हिसाब
पुलिस ने मौके से मोबाइल फ ोन और अन्य सामग्री जब्त कर जांच की तो विभिन्न बारकोड मिले. वहीं रजिस्टर में मोबाइल नंबरों की सूची के साथ रुपयों के लेन-देन, लाभ और हानि का हिसाब दर्ज पाया गया. ऑफि स संचालन से संबंधित कोई वैध दस्तावेज भी नहीं मिले. प्रारंभिक जांच में मोबाइल और सिम कार्डों का दुरुपयोग कर लोगों के साथ धोखाधड़ी कर अवैध लाभ अर्जित करने की बात सामने आई है.
बैंक खातों और सिम कार्डों की जांच जारी
पुलिस ने तीनों आरोपियों के विरुद्ध धारा 318(4), 3(5) बीएनएस एवं धारा 66डी आईटी एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर विवेचना शुरू की है. पुलिस अब उपयोग किए गए सिम कार्डों के वास्तविक धारकों और बारकोड से जुड़े बैंक खातों की जानकारी जुटा रही है. अज्ञात बैंक खातों में बड़ी मात्रा में लेन-देन होने की आशंका के साथ अन्य लोगों की संलिप्तता की भी जांच की जा रही है. कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक शिवकुमार यादव, उपनिरीक्षक तेजप्रकाश बोहरे सहायक उपनिरीक्षक गुलाबचंद रायकर सहित पुलिसकर्मी आशीष वर्मा, बलराम यादव, संजय परमार, वीरेंद्र सिंह, मांगीलाल, संदीप यादव, रविकांत यादव, अनिल यादव एवं महिला आरक्षक अंजु तोमर की सराहनीय भूमिका रही.
