सौसर : वीडियो गेम खेलने को लेकर परिजनों की डांट से नाराज होकर घर से निकले कक्षा 8 वीं के एक नाबालिग छात्र को सौंसर पुलिस ने तत्परता और जनसहयोग की मदद से महज 6 घंटे के भीतर सकुशल दस्तयाब कर लिया। बालक को छिंदवाड़ा जिले के ग्राम सिमरिया स्थित हनुमान मंदिर के पास से बरामद कर परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया है। अपने बच्चे को सुरक्षित पाकर परिजनों ने राहत की सांस ली और पुलिस प्रशासन का आभार जताया।
यह था पूरा मामला
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार कक्षा 8वीं में पढ़ने वाला छात्र तीस अक्टूबर को स्कूल न जाकर वीडियो गेम खेल रहा था। इस बात पर परिजनों द्वारा समझाइश और डांट दिए जाने से क्षुब्ध होकर वह अपनी नीले रंग की साइकिल लेकर बिना बताए कहीं चला गया। परिजनों ने अपने स्तर पर संभावित स्थानों और स्कूल में काफी तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा बहला-फुसलाकर ले जाने की आशंका पर परिजनों ने सौंसर थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने तत्काल अपराध क्रमांक 515/2026, धारा 137(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों से मिला सुराग
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक सुश्री विदिता डागर के निर्देशन में थाना प्रभारी रूपलाल उईके के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। टीम ने बिना वक्त गंवाए घटनास्थल और आसपास के मार्गों पर लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। तकनीकी साक्ष्यों के विश्लेषण और सक्रिय किए गए मुखबिर तंत्र के साथ-साथ आम नागरिकों से संपर्क साधा गया। साझा प्रयासों के चलते पुलिस टीम ने सूचना मिलने के मात्र 6 घंटे के भीतर बालक को ग्राम सिमरिया के प्रसिद्ध हनुमान मंदिर के पास से सुरक्षित तलाश लिया।
इनकी रही सराहनीय भूमिका
नाबालिग बालक को सकुशल ढूंढ निकालने में थाना प्रभारी रूपलाल उईके, उपनिरीक्षक राजेश कर्वेती,आरक्षक मनीष टेमरे, आरक्षक रवि टेकाम, आरक्षक नरसिंह तथा आरक्षक प्रकाश कुमरे की विशेष और सराहनीय भूमिका रही।
एसपी की अपील:
पुलिस अधीक्षक सुश्री विदिता डागर ने नागरिकों से अपील की है कि बच्चों से जुड़े किसी भी संवेदनशील मामले या आपात स्थिति की सूचना तत्काल पुलिस को दें, ताकि समय रहते त्वरित कार्रवाई की जा सके
