
सीधी। जिले के बहरी थानांतर्गत ग्राम खुटेली में गौ-माता के साथ कथित कू्ररता का मामला सामने आया है। एक गौवंश की दोनों आंखों को नुकसान पहुंचाए जाने के आरोप ने पशु प्रेमियों और गौसेवकों के बीच चिंता बढ़ा दी है। मामले में पशुपालक की शिकायत पर बहरी थाने में अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। प्राप्त जानकारी के अनुसार खुटेली गांव में गौ-माता के साथ कथित अमानवीय व्यवहार किए जाने की शिकायत सामने आई है। आरोप है कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने गौ-माता की दोनों आंखों को नुकसान पहुंचाया है। पशुपालक जलील मोहम्मद पिता सुलेमान की शिकायत पर बहरी पुलिस ने मामला दर्ज कर घटना की जांच शुरू कर दी है। अब पुलिस जांच के बाद ही घटना की वास्तविक परिस्थितियों और इसमें शामिल व्यक्ति के संबंध में स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। घटना को लेकर सोशल मीडिया पर उदयभान साहू सहित कुछ अन्य लोगों के नामों का उल्लेख किया जा रहा है। हालांकि इन लोगों की कथित संलिप्तता की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में जांच पूरी होने से पहले किसी को दोषी ठहराना उचित नहीं होगा। पुलिस से घटना के सभी पहलुओं की निष्पक्ष जांच कर वास्तविक दोषी की पहचान करने की अपेक्षा की जा रही है। गौ-माता के साथ कथित क्रूरता की इस घटना ने पशुओं की सुरक्षा और संरक्षण को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। बेजुबान पशु अपनी पीड़ा स्वयं व्यक्त नहीं कर सकते, इसलिए उनकी देखभाल और सुरक्षा सुनिश्चित करना समाज तथा प्रशासन की जिम्मेदारी है। मामले में घायल गौ-माता का समुचित पशु चिकित्सा उपचार सुनिश्चित किया जाना भी जरूरी है। पुलिस जांच से घटना की सच्चाई सामने आने और जिम्मेदार व्यक्ति की पहचान होने की उम्मीद है। यदि गौ-माता के साथ क्रूरता किए जाने की पुष्टि होती है, तो संबंधित व्यक्ति के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जानी चाहिए।
उपचार के लिए शहडोल भेजी गई गौ-माता-
खुटेली में गौमाता के आंख फोडक़र क्रूरता करने की जानकारी मिलने पर पशुप्रेमी भी उपचार को लेकर चिंतित हो गए। आखिर विवेक तिवारी और लक्ष्मीपति होंण्डा की संचालिका पूनम तिवारी की मदद से क्रूरता की शिकार गौमाता को अच्छे उपचार के लिए खुटेली से अटल कामधेनु संस्थान शहडोल भेजा गया। बजरंगदल सीधी के जिला सह संयोजक सतीष द्विवेदी एवं मिंटू पाण्डेय ने कहा है कि पशु क्रूरता मामले में जानकारी न मिलने से अज्ञात व्यक्ति के विरुद्ध बहरी थाना में आपराधिक मामला पंजीबद्ध किया गया है। अगर शासन-प्रशासन इस मामले में अज्ञात आरोपी को नामजद नहीं किया जाता तो बजरंग दल के कार्यकर्ता अपने स्तर से आरोपियों की तलाश कर कार्रवाई सुनिश्चित कराने का अभियान शुरू करेंगे। जिससे आगे गौवंशों के साथ क्रूरता न हो सके।
