उज्जैन: सिंहस्थ-2028 की तैयारियों के बीच नगर निगम ने सिंहस्थ मेला क्षेत्र में अवैध निर्माणों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है। इसी क्रम में नगर निगम की टीम ने जूना अखाड़े से जुड़े हरियाणा सेवा आश्रम में बने चार मंजिला भवन को बुलडोजर चलाकर तोड़ दिया।
बताया जा रहा है कि भवन का निर्माण आवश्यक अनुमति के बिना किया गया था और यहां होटल संचालित करने की तैयारी थी। नगर निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा के निर्देश पर की गई इस कार्रवाई से शहर में बिना अनुमति निर्माण कर व्यावसायिक गतिविधियां संचालित करने वाले होटल, रेस्टोरेंट और आश्रम संचालकों में हडक़ंप मच गया है।
सिंहस्थ मेला क्षेत्र में भूमि के उपयोग और निर्माण संबंधी नियमों का पालन करना आवश्यक है। मेला क्षेत्र में निर्धारित प्रावधानों के विपरीत निर्माण कर होटल, रेस्टोरेंट या अन्य व्यावसायिक गतिविधियां संचालित करने की अनुमति नहीं है। इसके बावजूद यदि किसी स्थान पर बिना स्वीकृति भवन निर्माण कर व्यावसायिक उपयोग किया जा रहा है, तो संबंधित निर्माण की जांच और नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है। हरियाणा सेवा आश्रम में बने चार मंजिला भवन पर हुई कार्रवाई को इसी संदर्भ में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सिंहस्थ-2028 में देशभर से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के उज्जैन पहुंचने की संभावना है।
इसे देखते हुए शहर में आधारभूत सुविधाओं के विस्तार के साथ मेला क्षेत्र की व्यवस्थाओं को व्यवस्थित रखना प्रशासन के लिए महत्वपूर्ण है। ऐसे में अनधिकृत निर्माण और नियमों के विपरीत भूमि उपयोग भविष्य की व्यवस्थाओं के लिए चुनौती बन सकते हैं। हरियाणा सेवा आश्रम के चार मंजिला भवन पर चला बुलडोजर इसी दिशा में की गई कार्रवाई के रूप में सामने आया है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि नगर निगम मेला क्षेत्र में अन्य निर्माणों की जांच किस स्तर पर करता है और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर आगे क्या कदम उठाए जाते हैं।
आयुक्त के निर्देश पर पहुंची निगम की टीम
नगर निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा के निर्देश पर संबंधित अमले ने भवन को हटाने की कार्रवाई की। चार मंजिला निर्माण को तोडऩे के लिए बुलडोजर का इस्तेमाल किया गया। कार्रवाई के दौरान भवन के आसपास मलबा जमा हो गया। सिंहस्थ-2028 के मद्देनजर मेला क्षेत्र में निर्माण गतिविधियों और भूमि के उपयोग को लेकर प्रशासन की सख्ती अब चर्चा में है। इस कार्रवाई के बाद उन संचालकों की चिंता बढ़ गई है, जिन्होंने नियमों और जरूरी अनुमतियों की अनदेखी कर निर्माण कराया है।
होटल-रेस्टोरेंट संचालकों में बढ़ी चिंता
हरियाणा सेवा आश्रम में हुई कार्रवाई के बाद शहर के उन होटल, रेस्टोरेंट और आश्रम संचालकों में हडक़ंप की स्थिति है, जो सिंहस्थ मेला क्षेत्र में निर्माण कर रहे हैं या व्यावसायिक गतिविधियों की तैयारी में हैं। मेला क्षेत्र में किसी भी निर्माण अथवा व्यावसायिक उपयोग से पहले लागू नियमों और संबंधित विभागों की अनुमति की स्थिति स्पष्ट करना जरूरी है। ऐसे में नगर निगम की कार्रवाई को अन्य निर्माणों की जांच के संकेत के रूप में भी देखा जा रहा है। हालांकि, अन्य स्थानों पर कार्रवाई की रूपरेखा को लेकर आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।
