अदन, (वार्ता) यमन में पश्चिमी तट पर तेज होती लड़ाई के बीच एक अगस्त से 12 अक्टूबर 2026 तक 2.17 लाख से अधिक लोग विस्थापित हुए हैं। अंतरराष्ट्रीय प्रवासन संगठन (आईओएम) ने यह जानकारी देते हुए चेतावनी दी कि जारी संघर्ष से मानवीय संकट और गहरा सकता है।
आईओएम के अनुसार, इस अवधि में 36,216 परिवारों के कुल 2,17,303 लोग विस्थापित हुए। इनमें सबसे अधिक 55 प्रतिशत लोग ताइज प्रांत में प्रभावित हुए, जहां जारी लड़ाई के कारण राहत एजेंसियों की विस्थापन स्थलों तक पहुंच बाधित हो रही है।
लाहज प्रांत में 45,390 विस्थापितों ने शरण ली, जबकि यमन की अंतरिम राजधानी अदन में 26,112 लोग पहुंचे।
आईओएम ने कहा कि विस्थापितों और उन्हें शरण देने वाले समुदायों पर दबाव बढ़ रहा है। प्रभावित लोगों को आश्रय, भोजन, स्वास्थ्य सेवाओं और अन्य बुनियादी सुविधाओं की भारी जरूरत है। संगठन ने संकट से निपटने के लिए निरंतर मानवीय सहायता की अपील की।
