विवेक दुबे
जबलपुर: कहावत है कि जब आस्था की डोर मजबूत हो तो सारे मतभेद, सारी बाधाएं उसे तोड़ने में असफल हो जाती हैं, और ईश्वरीय शक्ति में लीन होने की प्रेरणा भी देती हैं। जबलपुर के किन्नर समाज द्वारा भी इस कहावत को आदिशक्ति मां जगत जननी के नवरात्र पर्व में चरितार्थ किया जा रहा है। शहर के करीब 100 किन्नर आदिशक्ति मां भवानी की आराधना में लीन हो चुके हैं ।
जबलपुर के किन्नरों ने अपने अपने घरों में अखंड ज्योत के साथ कलश विधि विधान से स्थापित किए हैं, जहां पर उनके द्वारा मां जगत जननी का पूजन अर्चन करते हुए सभी के लिए दुआएं मांगी जा रही हैं।
भक्तों को देतीं हैं कलश के सिक्के
वर्ष 2019 में जबलपुर से मिस इंडिया का खिताब अपने नाम करने वाली और किन्नर समाज की प्रमुख माही शुक्ला ने नवभारत से चर्चा के दौरान बताया कि वह पिछले 18 सालों से सिविक सेंटर स्थित बगलामुखी मंदिर में पूजन अर्चन और लोगों के लिए दुआएं मांगने आ रही हैं, इस बार भी वह यहां मातारानी का पूजन अर्चन करने और लोगों की खुशहाली के लिए दुआएं मांगने आई हुई है। अपने घर में नवरात्र के दौरान स्थापित किए गए कलश में रखे सिक्के वह मंदिर में आकर भक्तों को देतीं हैं, जिससे कि भक्तों की झोली हमेशा भरी रहे। माही के अनुसार जिनका व्यापार कम चल रहा है, जिनकी शादी नहीं हो रही है और जिनको अन्य परेशानियां हैं, उनकी परेशानी दूर करने के लिए नवरात्र में मां जगत जननी से दुआएं मांगती हैं और मां का विधि विधान से पूजन अर्चन करती हैं।
गुरु, किन्नर अखाड़ा से मिली प्रेरणा
मां दुर्गा की पूजा अर्चन के प्रति रुचि के बारे में माही शुक्ला से पूछा गया तो उन्होंने स्पष्ट बताया कि उनके गुरु और किन्नर अखाड़ा से उन्हें ज्यादा प्रेरणा मिली है कि मां दुर्गा की पूजा पूरा किन्नर समाज करे। चर्चा के दौरान उन्होंने यह भी बताया कि वह 9 दिनों तक व्रत रखती हैं। बगलामुखी मंदिर के बारे में माही शुक्ला ने कहा कि बगलामुखी मंदिर में आने से शत्रुओं का विनाश होता है, और भक्तों की मनोकामना भी पूरी होती हैं।
खुशी से मनाते आए हैं दुर्गोत्सव
वही सोफी राय ने चर्चा के दौरान बताया कि उनकी गुरु स्वर्गीय कमलाबाई से उन्हें और किन्नर समाज को प्रेरणा मिली थी कि आदिशक्ति मां दुर्गा की आराधना करें। इसके बाद से पिछले कई सालों से किन्नर समाज और उनके द्वारा मां दुर्गा की पूजा अर्चन किया जा रहा है। जैसे ही नवरात्र आती है वैसे ही पूरा किन्नर समाज बड़े आस्था और उत्साह के साथ पर्व को मनाने में जुट जाता है। इस बार भी खुशी से किन्नर समाज मां दुर्गा का उत्सव धूमधाम से मनाने में जुटा हुआ है।
