इंदौर: स्वच्छता का संदेश इस बार आईआईटी इंदौर में सिर्फ सफाई अभियान तक सीमित नहीं रहा. संस्थान ने स्वच्छता ही सेवा अभियान के तहत खेल, जरूरतमंदों की मदद, स्कूली बच्चों की जागरूकता और ऐतिहासिक स्थल की सफाई को अभियान से जोड़ा.19 सितंबर को हाउसकीपिंग एजेंसियों के कर्मचारियों के बीच क्रिकेट मैच कराया गया. रोजाना संस्थान परिसर को साफ रखने वाले कर्मचारियों ने मैदान पर टीम भावना के साथ हिस्सा लिया. इसके जरिए उनके काम को सम्मान देने के साथ आपसी मेल-जोल का अवसर भी मिला. अगले दिन अवाना क्लब की ‘नेकी की दीवार’ पहल में उपयोगी कपड़े जुटाए गए.
इन्हें हाउसकीपिंग और बागवानी कर्मियों के साथ निर्माण श्रमिकों के बच्चों को दिया गया। इससे इस्तेमाल में न आ रही वस्तुओं को जरूरतमंदों तक पहुंचाने और उनके पुनः उपयोग का संदेश दिया गया. 21 सितंबर को गजिंदा शासकीय विद्यालय में बच्चों ने चित्रों के जरिए स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण की अपनी समझ को सामने रखा. स्कूल परिसर में सफाई और पौधारोपण भी हुआ. अभियान का एक पड़ाव 22 सितंबर को कजलीगढ़ किला रहा. सिमरोल स्थित इस ऐतिहासिक स्थल पर सफाई अभियान चलाकर सार्वजनिक और विरासत स्थलों को साफ रखने की जिम्मेदारी का संदेश दिया गया. चार दिनों की इन गतिविधियों में स्वच्छता के साथ खेल, सेवा, पुनः उपयोग, पर्यावरण और विरासत संरक्षण को जोड़ा गया. इससे अभियान को केवल सफाई कार्यक्रम के बजाय सामुदायिक भागीदारी से जोड़ने की कोशिश नजर आई.
