इंदौर. ऑपरेशन मैट्रिक्स 2.0 के तहत लसूडिया पुलिस ने साइबर ठगी में इस्तेमाल होने वाले म्यूल बैंक खाते उपलब्ध कराने वाले एक युवक को गिरफ्तार किया है. पूछताछ में आरोपी द्वारा दूसरे लोगों के नाम से संचालित बैंक खाते, एटीएम डेबिट कार्ड और उनसे जुड़े सिम कार्ड ठगी करने वालों को उपलब्ध कराने की जानकारी सामने आई है. एक अन्य आरोपी की पुलिस तलाश कर रही है.
मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर 25 वर्षीय सुधीर सिसोदिया निवासी प्रकाशचंद्र सेठी नगर, भमोरी को पकड़ा. पूछताछ में उसने आर्थिक धोखाधड़ी करने वाले लोगों को बैंक खाते उपलब्ध कराने की बात स्वीकार की. इन खातों में साइबर ठगी से मिली रकम का लेनदेन किया जाता था. जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी ने जल्दी पैसा कमाने के लिए अपने बैंक खाते भी साइबर ठगी में शामिल लोगों को उपलब्ध कराए थे. उसके द्वारा बेचे गए खातों में लाखों रुपए के लेनदेन मिले हैं. पुलिस अब इन लेनदेन की कड़ियां खंगालकर उन लोगों की जानकारी जुटा रही है, जिन्होंने खाते खरीदे और उनका इस्तेमाल साइबर ठगी में किया.
मामले में पुलिस सागर निवासी एक अन्य संदिग्ध की तलाश कर रही है. उसके पकड़े जाने के बाद खाते खरीदने-बेचने वाले पूरे नेटवर्क और साइबर ठगी से जुड़े अन्य लोगों के बारे में जानकारी मिलने की उम्मीद है. थाना प्रभारी राजकुमार यादव ने बताया कि साइबर ठगी में इस्तेमाल होने वाले म्यूल बैंक खातों की जांच के दौरान आरोपी को पकड़ा है. उसके द्वारा बैंक खाते, एटीएम डेबिट कार्ड और लिंक सिम उपलब्ध कराने की जानकारी मिली है. खातों में हुए लाखों रुपए के लेनदेन की जांच की जा रही है और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश जारी है.
