चंडीगढ़, आगामी त्योहारों के सीजन से ठीक पहले पंजाब की भगवंत मान सरकार ने राज्य के करीब आठ लाख सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को एक ऐतिहासिक तोहफा दिया है। सरकार ने महंगाई भत्ते (DA) में सीधे 8 फीसदी की भारी बढ़ोतरी करने का अहम फैसला लिया है, जिसके बाद कर्मचारियों का कुल डीए 42 प्रतिशत से बढ़कर 50 प्रतिशत हो गया है। मुख्यमंत्री भगवंत मान और कर्मचारी संगठनों के बीच हुई उच्च स्तरीय बैठक के बाद इस पर मुहर लगी, जिससे कर्मचारियों का चल रहा आंदोलन समाप्त हो गया है। इस बढ़े हुए भत्ते का लाभ चार-चार प्रतिशत की दो किस्तों में दिया जाएगा, जो सितंबर 2026 के वेतन से प्रभावी होगा और 1 अक्टूबर से कर्मचारियों के खातों में बढ़ी हुई सैलरी आएगी।
सरकारी खजाने पर हर महीने 250 करोड़ रुपये का पड़ेगा अतिरिक्त बोझ, संवाद के जरिए खत्म हुआ गतिरोध
इस बड़े वित्तीय निर्णय से राज्य के खजाने पर हर महीने लगभग 250 करोड़ रुपये का अतिरिक्त बोझ पड़ेगा, लेकिन सरकार ने स्पष्ट किया है कि कर्मचारियों का कल्याण उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री मान ने खुद बातचीत की कमान संभालते हुए टकराव के बजाय संवाद का रास्ता चुना, जिससे लंबे समय से चल रहा गतिरोध दूर हुआ। इसके साथ ही सरकार ने एक और संवेदनशील कदम उठाते हुए महिला कर्मचारियों को उनके घर से 40 किलोमीटर के दायरे में ही पोस्टिंग देने का बड़ा फैसला भी किया है।
70,000 युवाओं को पारदर्शिता से मिली हैं सरकारी नौकरियां, मुख्यमंत्री ने कर्मचारियों को बताया प्रशासनिक व्यवस्था की रीढ़
इस अवसर पर मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि सरकारी कर्मचारी हमारी प्रशासनिक व्यवस्था की असली रीढ़ हैं और एक संतुष्ट कर्मचारी ही व्यवस्था को मजबूत कर सकता है। उन्होंने अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए बताया कि कार्यकाल के दौरान अब तक पूरी पारदर्शिता के साथ करीब 70,000 युवाओं को सरकारी नौकरियां दी गई हैं। साथ ही, सरकार पुरानी पेंशन योजना (OPS) और अन्य लंबित मांगों पर भी पूरी सहानुभूति के साथ विचार कर रही है, जिससे राज्यभर के कर्मचारियों में भारी उत्साह देखा जा रहा है।

