
छिंदवाड़ा. जिले में खाद्य सुरक्षा एवं गुणवत्ता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से खाद्य सुरक्षा दल द्वारा लगातार निरीक्षण एवं नमूना संग्रहण की कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में विगत तीन दिनों से होटलों, ढाबों एवं रेस्टोरेंट्स में स्वच्छता, खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता तथा खाद्य सुरक्षा मानकों के पालन की जांच की।
खाद्य सुरक्षा अधिकारी गोपेश मिश्रा एवं पंकज कुमार घाघरे द्वारा बुधवार को इमलीखेड़ा में चाचा की रसोई इमलीखेड़ा, आशीर्वाद ढाबा , होटल साई बजरंग तथा वेंकटेश मॉल के पास होटल सनफायर का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान खाद्य पदार्थों के भंडारण कक्ष, पेयजल व्यवस्था, रसोईघर, नाली एवं ड्रेनेज व्यवस्था तथा कर्मचारियों के स्वास्थ्य संबंधी अभिलेखों की जांच की गई। जांच के दौरान कुछ सामान्य कमियां पाई गईं, जिनमें कर्मचारियों के मेडिकल प्रमाण-पत्रों का अभाव, कच्चे खाद्य पदार्थों के भंडारण स्थलों पर साफ-सफाई की कमी, ड्रेनेज व्यवस्था का सुचारू न होना तथा जल परीक्षण रिपोर्ट उपलब्ध न होना शामिल है। इन कमियों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित प्रतिष्ठानों को दो दिवस के भीतर आवश्यक सुधार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
तामिया के रेस्टोरेंट का किया निरीक्षण ०००००
खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुश्री संध्या मार्को द्वारा पर्यटन क्षेत्र तामिया स्थित सेरेंगीटीपीटी एवं एमपीआरटीसी रेस्टोरेंट का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण में सेरेंगीटीपीटी रेस्टोरेंट का फ्रीजर अत्यधिक गंदा एवं दुर्गंधयुक्त पाया गया तथा उसमें शाकाहारी एवं मांसाहारी खाद्य पदार्थ एक साथ संग्रहित मिले। वहीं एमपीआरटीसी रेस्टोरेंट में कुछ खाद्य पदार्थों में फफूंद लगी हुई पाई गई तथा एक्सपायरी खाद्य सामग्री का उपयोग भोजन निर्माण में किए जाने के तथ्य सामने आए। निरीक्षण के दौरान दोनों प्रतिष्ठानों में तत्काल आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई कराई गई।
