पांढुरना। जिला मुख्यालय के सडक़ किनारे फुटफाथ पर मोबाइल सिम बेचने लगाए गए पाईंट सेल में कुछ लोगों को सिम के साथ फ्री मोबाईल डाटा देंने का लालच देते हुए इन लोगों से आधार कार्ड लेंने के बाद इन्हें सिम नहीं देकर स्वयं ही इसे एक्ट्रीव कर इन मोबाइल सिम से दो लाख से भी अधिक की साइबर धोखाधडी करने के आरोप में पुलिस ने दो युवकों को गिरफ्तार कर इनके खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत प्रकरण पंजीबध्द कर कार्यवाहीं की गई।
सायबर अपराध के संदर्भ में मिली शिकायत के बाद पांढुरना कोतवाली थाना प्रभारी अमित दाणी द्वारा सुक्ष्मता से कि गई जांच के दौरान एक के बाद एक कर जोडी गई कडी के दौरान कई अह्म सुराग हाथ लगे,इस जांच में थाना प्रभारी ने पाया कि नगरीय सीमा से लगे ग्राम भंदारगोदी निवासी अर्थव पिता रंजीत बंसोड़ ने पांढुरना नगर जिला मुख्यालय के मुख्य सडक़ किनारे 1 मार्च 2026 से 17 जुलाई 2026 तक फुटफाथ पर मोबाईल सिम बेचने लगाए गए पाईंट सेल में कई लोगों से रूपए लेकर सिम बेच दी गई,लेकिन ग्राम भंदारगोंदी निवासी जान्हवी पिता अरविंद वासाड़े,पांढुरना नगर के घनपेठ वार्ड निवासी तुषार पिता कैलाश सावरकर,ग्राम तिगांव निवासी मोहिनी पिता रामदास बोबड़े तथा ग्राम देवखापा निवासी अमरू पिता गजमू कवडेती इन चार लोगों को सिम के साथ 2 जी.बी.मोबाइल डाटा भी फ्री में देने के नाम पर इन चारों से आधार कार्ड लेने के बाद इस अर्थव बंसोड़ द्वारा इन्हें सिम नहीं देकर पांढुरना नगर के बंसोड कॉलोनी में रहने वाले अपने सहपाठी मित्र रूद्र राऊत के साथ मिलकर इन सभी चारों सिमों को एक्ट्रीव कर इन सिम के माध्यम से 24 हजार,32 हजार,40 हजार, 40 हजार ,1 लाख 20 हजार रुपए की साइबर धोखाधड़ी कर यह राशि हजम कर ली।
थाना प्रभारी की जांच में यह सब बाते स्पष्ट होने तथा सभी साक्ष्य एकत्रित करने के बाद पुलिस द्वारा अर्थव बंसोड़ तथा रूद्र राऊत के खिलाफ बीएनएस की धारा 316 (2 ), 318 (4 ) सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम 2000 की धारा 66 ( सी ) दूरसंचार अधिनियम 2023 की धारा 42 (3) ( ई) ,42 (6) के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर इन दोनों युवकों को गिरफ्तार कर कार्यवाही की जा रहीं है,जिन्हें शुक्रवार को न्यायालय में पेश किया जाएंगा। वहीं इस मामले में कई अन्य लोग भी लिप्त होने की संभावना है,जिसकी पुलिस जांच करने में जूट गई है ।
