
जबलपुर। बरगी बांध के कैचमेंट एरिया में लगातार हो रही बारिश के चलते जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए बांध के 9 जलद्वारों को औसतन 0.78 मीटर की ऊंचाई तक खोल 1031 क्यूमेक पानी छोड़ा जा रहा है। जिससे तटीय इलाकों और घाटों पर जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर निचले इलाकों में अलर्ट जारी कर दिया है।
बरगी बांध का अधिकतम जलस्तर 422.76 मीटर है। वर्तमान जलस्तर 421.00 मीटर है। मौजूदा जल भराव 2730 मिलियन क्यूबिक मीटर है। औसत पानी की आवक 1126 क्यूमेक (क्यूबिक मीटर प्रति सेकंड) है। नर्मदा नदी में छोड़े जा रहे 1231 क्यूमेक पानी के कारण जबलपुर, समेत आसपास के जिलों के घाटों पर अलर्ट जारी किया गया है। जिला प्रशासन और पुलिस बल ने नर्मदा के सभी प्रमुख घाटों पर सुरक्षा घेरा बढ़ा दिया है। आपातकालीन आपदा प्रबंधन की टीमों को भी अलर्ट मोड पर रखा गया है। बुधवार को सुबह से मौसम का मिजाज भी बदला रहा। आसमान में घने काले बादल डेरा डाले हुए थे। सूर्य देव के दर्शन तक नहीं हुए हैं। शाम ढलते ही मौसम ने करवट बदली और रिमझिम बारिश का दौर शुरू हो गया। शहर को पानी-पानी कर दिया है। आलम यह है कि सडक़े तरबतर हो गई। बुधवार को सुबह 8:30 बजे से शाम शाम 5:30 बजे तक 8.4 मिमी बारिश दर्ज हुई। चौबीस घंटे में 9.4 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई है जबकि मानसून सीजन में बारिश का आंकड़ा 434.8 मिमी पर पहुंंच गया है। अधिकतम तापमान 26 .7 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया जो सामान्य से 3 डिग्री कम रहा। न्यूनतम तापमान 23.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। सुबह के वक्त आद्रता 96 और शाम को 97 प्रतिशत दर्ज की गई। पश्चिमी हवाएं 5 से 6 किमी की रफ्तार से चली।
