सिंगरौली:मोरवा वार्ड क्रमांक-4 में एनसीएल की ब्लास्टिंग से लक्ष्मी एंटरप्राइजेज की बाउंड्री वॉल गिर गई। जिसके बाद लक्ष्मी इंटरप्राइजेज के संचालक अभिषेक अग्रवाल ने एनसीएल द्वारा की गई ब्लास्टिंग से हुए नुकसान की शिकायत मोरवा थाने में दर्ज कराई है। 14 अगस्त को हुई घटना में बाउंड्रीवॉल का बड़ा हिस्सा भरभराकर गिर गया। दीवार का मलबा सड़क किनारे बिखर गया। गनीमत रही कि हादसे के दौरान कोई व्यक्ति इसकी चपेट में नहीं आया, जिससे जनहानि नहीं हुई। हालांकि बाउंड्रीवॉल गिरने से संचालक को आर्थिक नुकसान हुआ है।
पीड़ित के मुताबिक संपत्ति की सुरक्षा के लिए बनाई गई बाउंड्रीवॉल 14 अगस्त को दोपहर करीब 1 से 2 बजे के बीच हुई तेज ब्लास्टिंग के बाद गिरी है।मौके पर ईंट-पत्थरों का ढेर, रास्ते पर भी फैला मलबा
घटना के बाद बाउंड्रीवॉल का मलबा बड़ी मात्रा में मौके पर पड़ा है। ईंट, सीमेंट और कंक्रीट के टुकड़े सड़क के हिस्से तक पहुंच गए हैं। इससे आसपास घर और आबादी होने के कारण लोगों की सुरक्षा को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।
पहले भी ब्लास्टिंग को लेकर उठते रहे हैं सवाल
मोरवा क्षेत्र में एनसीएल की खदानों में होने वाली ब्लास्टिंग को लेकर पहले भी स्थानीय लोगों की ओर से शिकायतें सामने आती रही हैं। 2024 में भी मोरवा क्षेत्र में दो मकानों की दीवार गिरने की घटना सामने आई थी। उस समय स्थानीय लोगों ने खदानों में होने वाली ब्लास्टिंग से कमजोर हुई संरचनाओं को नुकसान पहुंचने की आशंका जताई थी। वहीं बीते वर्ष भी मोरवा के वार्ड क्रमांक-8 में ब्लास्टिंग के दौरान मकान का हिस्सा गिरने से एक किशोरी के घायल होने की खबर भी सामने आई थी और मामले की लिखित शिकायत मोरवा थाने में दी गई थी।
मोरवा के पुरानी बाजार में ब्लास्टिंग के दौरान एक दुकान की छत का प्लास्टर गिरने की घटना भी रिपोर्ट हुई थी।
इन घटनाओं की पृष्ठभूमि में अब वार्ड क्रमांक-4 में लक्ष्मी एंटरप्राइजेज की बाउंड्री वॉल गिरने की घटना ने एक बार फिर खदानों के आसपास होने वाली ब्लास्टिंग की तीव्रता और उससे आबादी क्षेत्र में संभावित नुकसान को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।
