जयपुर 06 अगस्त (वार्ता) राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री एवं कांग्रेस नेता अशोक गहलोत ने राज्य की भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार पर कांग्रेस विधायकों वाले विधानसभा क्षेत्रों में सौतेला व्यवहार करने का आरोप लगाया हैं।
श्री गहलोत ने गुरुवार को अपने बयान में यह आरोप लगाते हुए कहा कि हमारी कांग्रेस सरकार ने प्रदेशभर में सड़कों की स्थिति बेहतर करने के लिए हर विधानसभा सीट के साथ समान व्यवहार करते हुए बजट घोषणा कर प्रत्येक क्षेत्र को सड़कों के लिए 10 करोड़ रुपए दिए थे, चाहे विधायक किसी भी दल का रहा हो, क्योंकि हमारी प्राथमिकता जनता का हित था। भाजपा सरकार ने जनता के साथ धोखा करते हुए बजट घोषणा में प्रत्येक विधानसभा के स्थान पर सभी विधानसभा क्षेत्रों में सड़कों के लिए 2000 करोड़ रुपये एकमुश्त की घोषणा की।
उन्होंने कहा कि इस घोषणा के समय जो आशंका विधायकों एवं जनता के मन में थी, वो सच साबित हो रही है। भाजपा सरकार ने बजट में हर विधानसभा क्षेत्र की जगह सिर्फ भाजपा विधायकों के विधानसभा क्षेत्रों के लिए 2000 करोड़ की घोषणा कर खुलकर भेदभाव का रास्ता अपनाया है, जिसका सीकर एक उदाहरण है। पूरे प्रदेश से इसी तरह की सूचनाएं मिल रही हैं।
श्री गहलोत ने कहा कि सीकर जिले में सड़कों को लेकर भाजपा सरकार का सौतेला व्यवहार खुलकर सामने आ गया है। जिले के तीनों भाजपा विधायकों के क्षेत्रों धोद, खंडेला और श्रीमाधोपुर को 31.18 करोड़ रुपए की लागत से 38 सड़क कार्य स्वीकृत हुए, वहीं कांग्रेस विधायकों वाले लक्ष्मणगढ़, सीकर, फतेहपुर, दांतारामगढ़ और नीमकाथाना को एक रुपया तक नहीं मिला।
उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार को समझना चाहिए कि जिन विधानसभा क्षेत्रों में भाजपा विधायक नहीं है, वहां भी प्रदेश की जनता रहती है। भाजपा सरकार के लिए सिर्फ भाजपा विधायक और कार्यकर्ता ही जनता हैं। यह लोकतंत्र नहीं, पक्षपात की राजनीति है। मुख्यमंत्री को अविलंब इस पर संज्ञान लेकर विभाग को न्यायपूर्ण कार्य करने के उचित निर्देश देने चाहिए।
