नयी दिल्ली, 04 अगस्त (वार्ता) सार्वजनिक जीवन बीमा कंपनी भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) के ऑफर फॉर सेल (ओएफएस) को पहले दिन मंगलवार को गैर-खुदरा निवेशकों से तीन गुना से ज्यादा बोली प्राप्त हुई।
सरकार एलआईसी में 2.5 प्रतिशत हिस्सेदारी (31,62,49,885 शेयर) बेचने के लिए ओएफएस लेकर आयी है। इसके अलावा चार प्रतिशत अतिरिक्त हिस्सेदारी बेचने का विकल्प भी रखा गया है।
सरकार ने पूरे 6.5 प्रतिशत (82,22,49,701 शेयर) बेचने का फैसला किया है। निवेश एवं लोक परिसंपत्ति प्रबंधन विभाग (दीपम) ने कहा कि निवेशकों की यह उत्साहजनक भागीदारी देश के पूंजी बाजार में उनका विश्वास दिखाता है। “भारी मांग को देखते हुए” सरकार ने अतिरिक्त हिस्सेदारी बेचने के विकल्प को अमल में लाने का फैसला किया है।
शेयर बाजार ने बताया कि आज गैर-खुदरा निवेशकों ने 94,45,44,898 शेयरों के लिए बोली लगायी जो ओएफएस के मूल आकार का 3.32 प्रतिशत है। खुदरा निवेशक और कंपनी के पात्र कर्मचारी बुधवार को बोली लगा सकेंगे।
ओएफस के लिए प्रत्येक इक्विटी शेयर का न्यूनतम मूल्य 382 रुपये रखा गया था। खुदरा निवेशकों और कर्मचारियों को आज के कटऑफ प्राइस पर 10 रुपये प्रति शेयर की छूट दी जायेगी। कर्मचारियों के लिए 50 लाख शेयर अलग से रखे गये हैं। ओएफएस के पहले दिन आज एलआईसी का शेयर 33.35 रुपये (7.86 प्रतिशत) गिरकर 391 रुपये पर बंद हुआ।
उल्लेखनीय है कि इस समय एलआईसी में सरकार की हिस्सेदारी 96.50 प्रतिशत है। यदि सरकार पूरे 6.5 प्रतिशत तक हिस्सेदारी बेचने का फैसला करती है तो कंपनी न्यूनतम सार्वजनिक शेयरधारिता की शर्त पूरी कर लेगी।
