वॉशिंगटन, ट्रंप प्रशासन ने ईरान के साथ जारी सैन्य संघर्ष के भारी-भरकम आर्थिक खर्च का आधिकारिक खुलासा किया है। अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने सीनेट की एप्रोप्रिएशन कमेटी को जानकारी दी कि इस युद्ध पर अब तक अनुमानित 37.5 अरब डॉलर खर्च हो चुके हैं और स्थिति से निपटने के लिए लगभग 88 अरब डॉलर के अतिरिक्त आपातकालीन फंड की मांग की गई है।
आधुनिक हथियारों और सेना का आधुनिकीकरण
रक्षा विभाग द्वारा मांगे गए इस बजट का एक बड़ा हिस्सा सैन्य वेतन, ईंधन और उपकरणों की भरपाई के साथ-साथ गोला-बारूद के उत्पादन और हाइपरसोनिक हथियारों जैसी आधुनिक तकनीकों में निवेश करने के लिए आरक्षित किया गया है। रक्षा मंत्री ने चेतावनी दी है कि यदि कांग्रेस इस प्रस्ताव को मंजूरी नहीं देती है, तो सेना को गंभीर चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है।
विपक्ष के सवाल और युद्ध की रणनीति
दूसरी ओर, डेमोक्रेटिक सीनेटरों ने पेंटागन के पास पहले से मौजूद बिना इस्तेमाल हुए फंड का हवाला देते हुए इस भारी मांग पर तीखे सवाल उठाए हैं। सुनवाई के दौरान राष्ट्रपति के संवैधानिक अधिकारों और युद्ध के रणनीतिक अंत को लेकर भी तीखी बहस देखने को मिली है।

