सीहोर। वर्षा ऋतु के दौरान जलजनित बीमारियों रोकथाम के लिए लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा पेयजल स्रोतों का क्लोरीनेशन किया जा रहा है. अभियान के तहत हैंडपंपों, नल-जल योजनाओं तथा अन्य पेयजल स्रोतों में क्लोरीन डाला जा रहा है, ताकि नागरिकों को स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराया जा सके. विभाग द्वारा पेयजल की गुणवत्ता पर लगातार निगरानी भी रखी जा रही है. इसके लिए विभिन्न स्थानों से जल के नमूने एकत्र कर पेयजल परीक्षण किट के माध्यम से उनकी जांच की जा रही है. परीक्षण के आधार पर क्लोरीनेशन सहित अन्य सुधारात्मक कदम उठाए जा रहे हैं, जिससे दूषित पानी के कारण होने वाली बीमारियों की रोकथाम सुनिश्चित की जा सके. लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग ने नागरिकों से आग्रह किया है कि वे केवल स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल का ही उपयोग करें.
