रेनूपावर प्राथमिक पाठशाला में ‘धनवंतरी वाटिका एवं औषधीय उपवन’ का लोकार्पण

अनपरा सोनभद्र: हिन्डाल्को इंडस्ट्रीज लिमिटेड रेनुपावर डिवीजन रेनुसागर के यूनिट हेड आर पी सिंह के मार्गदर्शन में पर्यावरण संरक्षण एवं औषधीय पौधों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से रेनूपावर प्राथमिक पाठशाला, रेनूसागर में विकसित ‘धनवंतरी वाटिका एवं औषधीय उपवन’ का उद्घाटन सोमवार को एक प्रेरणादायी कार्यक्रम के तहत विद्यालय प्रबंधक एवं हेड एच आर हिन्डाल्को रेनुसागर आशीष पांडेय द्वारा बच्चों से फीता कटवाकर कराया गया।

यह पहल बच्चों में प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी, जैव विविधता संरक्षण और औषधीय पौधों के महत्व को समझाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुई।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि विद्यालय प्रबंधक एवं हिन्डाल्को हेड एच आर आशीष पांडेय, सीएसआर प्रमुख संजीव श्रीवास्तव तथा रोहित सक्सेना ने बच्चों द्वारा लगाए गए औषधीय एवं उपयोगी पौधों शहतूत, अजवाइन, मीठा नीम, एलोवेरा, सदाबहार, चिरायता, तुलसी, लेमनग्रास, पान, एयर पोटैटो, गिलोय, पुदीना, हड़जोड़, अमरूद एवं गुलाब आदि का अवलोकन किया और उनकी सराहना की।
विद्यालय प्रबंधक ने विद्यार्थियों से पौधों के औषधीय गुणों, उपयोग एवं संरक्षण से जुड़े प्रश्न पूछे। बच्चों ने पूरे आत्मविश्वास एवं उत्साह के साथ सभी प्रश्नों के सटीक और प्रभावशाली उत्तर देकर अपनी उत्कृष्ट तैयारी का परिचय दिया, जिससे अतिथि अत्यंत प्रभावित हुए और उनकी मुक्त कंठ से प्रशंसा की।कार्यक्रम का विशेष आकर्षण विद्यालय परिसर में निर्मित कंपोस्ट पीट तथा विद्यार्थियों द्वारा तैयार किए गए सीड बॉल (बीज गोले) रहे। अतिथियों ने इन नवाचारों को पर्यावरण संरक्षण की दिशा में अनुकरणीय पहल बताते हुए बच्चों को प्रकृति के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए निरंतर कार्य करने का संदेश दिया।

विद्यालय की प्रधानाध्यापिका श्रीमती सीमा दुबे ने सभी अतिथियों का स्वागत एवं आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों में पर्यावरण संरक्षण, जैव विविधता और औषधीय पौधों के महत्व के प्रति जागरूकता विकसित करने में अत्यंत उपयोगी सिद्ध होते हैं। उन्होंने कहा कि विद्यालय भविष्य में भी इस प्रकार की रचनात्मक एवं पर्यावरण हितैषी गतिविधियों का आयोजन करता रहेगा।यह कार्यक्रम बच्चों की सक्रिय सहभागिता, नवाचार और पर्यावरण के प्रति संवेदनशील सोच का उत्कृष्ट उदाहरण बनकर उपस्थित सभी लोगों के लिए प्रेरणास्रोत रहा।

Next Post

देविका रानी ने दिया पहला ब्रेक, देवदास और मुगल-ए-आजम ने बनाया ट्रेजिडी किंग, दिलीप कुमार की दिलचस्प कहानी

Tue Jul 7 , 2026
दिलीप कुमार का सफर संघर्ष से शुरू होकर सफलता की मिसाल बना। पिता से मतभेद के बाद उन्होंने पुणे के आर्मी क्लब में सैंडविच बेचे, फिर देविका रानी की बदौलत फिल्मों में एंट्री मिली। बॉलीवुड के दिग्गज दिवंगत एक्टर दिलीप कुमार की आज डेथ एनिवर्सरी है। दिलीप कुमार ने 7 […]

You May Like