जबलपुर: जिले में नशे के अवैध कारोबार पर कड़ी निगरानी रखने एवं दोषियों के विरूद्ध कठोर कार्रवाई करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने स्कूलों और कॉलेजों के 100 मीटर के दायरे में स्थित पान, गुट्खा की दुकानों को हटाने के तथा नशीले पदार्थों का विक्रय पाए जाने के मामलों में त्वरित एवं कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाए । यह बातें कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने एनकॉर्ड (नार्को कोऑर्डिनेशन सेंटर) की जिला स्तरीय बैठक में कहीं।
उन्होंने जानकारी देते बताया कि स्कूली बच्चों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने जिले में 15 से 31 जुलाई तक अभियान चलाया जायेगा। इसके साथ ही उन्होंने छात्रावासों और पुर्नवास गृहों की नियमित रूप से जांच करने के निर्देश भी दिये। बैठक में पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय ने रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में नशीले पदार्थों की तस्करी को रोकने के लिए आरपीएफ और जीआरपी को सघन जांच करने के निर्देश दिए। बैठक में नशा मुक्ति केंद्रों के सुचारू संचालन और उनके सत्यापन के संबंध में भी विस्तृत समीक्षा की गई।
निबंध, पेंटिंग प्रतियोगिताएं हो आयोजित
कलेक्टर सिंह ने कहा कि शिक्षा विभाग द्वारा महिला एवं बाल विकास के साथ स्कूलों में विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। कलेक्टर सिंह ने स्कूली बच्चों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने चलाये जाने वाले अभियान में शैक्षणिक परिसरों को ड्रग फ्री जोन घोषित करने पर जोर दिया। उन्होंने अभियान के अंतर्गत स्कूली बच्चों के लिए निबंध एवं पेंटिंग जैसी प्रतियोगिताएं आयोजित करने के निर्देश दिये। इस बैठक में जिला पंचायत के सीईओ अभिषेक गहलोत सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।
