
छिंदवाड़ा। चौकी सांवरी क्षेत्र के बेलखेड़ा गांव में बीती रात चोरी करने गए युवक ने एक वृद्ध पर कुल्हाड़ी से हमला कर उसे मौत को घाट उतार दिया । उक्त बात की सूचना मिलने पर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस की पूछताछ में आरोपी ने आरोपी ने जुर्म करना कबूल कर लिया है। पुलिस ने न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया है। जानकारी अनुसार आरोपी सनकलाल युवनाती पिता सुन्नु 35 साल निवासी जायदेही थाना उमरेठ का रहने वाला है। वह बेलखेड़ा गांव में एक मकान में चोरी की वारदात को अंजाम देने गया था। जैसे ही वह एक मकान में चोरी करने अंदर गया, मकान मालिक की नींद खुल गई। मकान मालिक ने शोरगुल मचाया। पड़ौस में रह रहे पूनाराम पिता धूडऩ इवनाती उम्र 55 साल नींद से उठकर सीधे चोर को पकडऩे घर में धुस गए। चोर ने बचने ने बचने के लिए वृद्ध के सिर पर कुल्हाड़ी से हमला कर दिया। हमला इतना भयानक था कि वह लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़ा। उसके बाद वह उठा ही नहीं। सूचना पर पहुंची पुलिस ने को जब्त कर आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया। शव का पंचनामा कार्रवाई के बाद पीएम कर शव परिजनों को सौंप दिया है। पुलिस ने आरोपी सनकलाल युवनाती के खिलाफ आरोपी के विरुद्ध अपराध क्र. 123/26 धारा 103(1) का प्रकरण दर्ज कर विवेचना में ले लिया है।
घर से भाग नही पाया आरोपी ००००००
इधर शोरगुल के बाद एक एक कर सभी पड़ौसी उठ गए। ग्रामीणों ने घर को चोरों ओर से घेर लिया। जिसके बाद आरोपी चोर घर से निकलकर भाग नहीं पाया। इसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने चोर को आसानी से पकड़ लिया। हालांकि तब तक पुलिस मौके पर पहुंच चुकी थी।
कुल्हाड़ी से पुलिस को डराया ००००
प्राप्त जानकारी के अनुसार आरोपी ने घर में अपने आप को बंद कर लिया था पुलिस ने घर का दरवाजा खुलवाने का प्रयास किया लेकिन आरोपी ने घर का दरवाजा नही खोला जिसके बाद पुलिस ने घर का दरवाजा तोड़ दिया और घर में घुस गई इस दौरान आरोपी ने कुल्हाड़ी से पुलिस को ही डराने का प्रयास किया लेकिन किसी तरह पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
टीम की सराहनीय रही भूमिका ०००००
उक्त कार्रवाई में लावाघोघरी थाना प्रभारी निरी. आफ़ताब खान, सांवरी चौकी प्रभारी उनि मुकेश द्विवेदी, सउनि कमलेश सत्यार्थी, आर. विजय सनोडिया, आर. नवीन बोपचे, आर. प्रकाश दहीकर, डायल-112 चालक जितेन्द्र पवार, बटी पवार, अनिल उईके, डायल-112 उमरेठ चालक अभिमन्यु पवार, थाना उमरेठ से उनि अनिल उईके, प्रआर. नारायण उईके, प्रआर. शिवनाथ कालभोर की सराहनीय भूमिका रही।
