
टीकमगढ़। ‘ज्ञान भारतम मिशन’ के तहत प्राचीन पांडुलिपियों और शिलालेखों को संरक्षित करने का अभियान जारी है। इस अभियान के तहत अब तक कुल 815 पांडुलिपियां पंजीकृत की जा चुकी हैं। हाल ही में, दो दिनों के भीतर 520 प्राचीन पांडुलिपियों और शिलालेखों का पंजीकरण किया गया, जिनमें कई सैकड़ों साल पुरानी हैं। राष्ट्रीय महत्व के ‘ज्ञान भारतम मिशन’ का उद्देश्य टीकमगढ़ जिले की ऐतिहासिक, धार्मिक और सांस्कृतिक धरोहरों का संरक्षण करना है। कलेक्टर की रणनीति के तहत, जिला प्रशासन ने दूरस्थ क्षेत्रों में जनसंपर्क अभियान चलाया है। इस दौरान वरिष्ठ नागरिकों, शिक्षाविदों, सामाजिक संस्थाओं और प्राचीन मंदिरों से सीधा संवाद स्थापित किया जा रहा है। अभियान के जिला समन्वयक अनुपम दीक्षित ने बताया कि इस पहल के कारण मात्र दो दिनों में 520 प्राचीन पांडुलिपियों और शिलालेखों का पंजीकरण संभव हुआ। अनुपम दीक्षित के साथ जिला लाइब्रेरियन विजय कुमार मेहरा और स्वच्छ भारत मिशन के जिला समन्वयक मनीष जैन की एक संयुक्त टीम ने विभिन्न क्षेत्रों का दौरा किया।
