नयी दिल्ली, 31 मई (वार्ता) दक्षिण दिल्ली में साकेत मेट्रो स्टेशन के निकट एक इमारत ढहने की घटना के मामले में दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) ने कार्रवाई करते हुए भवन विभाग के दो अभियंताओं को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
अधिकारियों ने रविवार को बताया कि एमसीडी के दक्षिणी क्षेत्र के उपायुक्त ने भवन विभाग-एक के एक सहायक अभियंता और भवन विभाग-दो के एक कनिष्ठ अभियंता के निलंबन के आदेश जारी किये हैं।
जारी आदेश के अनुसार, सैद-उल-अजायब स्थित वेस्टर्न मार्ग पर भवन ढहने की घटना में प्रभावी निगरानी नहीं करने और कथित लापरवाही बरतने के आरोप में सहायक अभियंता को निलंबित किया गया है।
इसी प्रकार, भवन विभाग-दो के कनिष्ठ अभियंता को भी कर्तव्य में लापरवाही और भवन ढहने के मामले में अपने दायित्वों के निर्वहन में शिथिलता बरतने के आरोप में निलंबित किया गया है।
इस घटना ने निर्माण गतिविधियों और निर्धारित मानकों के अनुपालन को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिये हैं। दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने घटनास्थल का दौरा कर राहत एवं बचाव कार्यों की समीक्षा की और स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने निर्माण मानकों का उल्लंघन करने वाली तथा अनधिकृत इमारतों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिये।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस मामले में जिम्मेदार पाये जाने वाले किसी भी अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा और हर स्तर पर जवाबदेही तय की जाएगी। उन्होंने कहा, “ उल्लंघन किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। दिल्ली सरकार जनता के साथ खड़ी है और न्याय, जवाबदेही तथा सार्वजनिक सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है।”
स्थानीय लोगों का कहना है कि राजधानी की कई अनधिकृत कॉलोनियों में निजी निर्माण कार्यों की गुणवत्ता लंबे समय से चिंता का विषय रही है और भवनों की संरचनात्मक मजबूती सुनिश्चित करने वाले मानकों की अक्सर अनदेखी की जाती है।
