भोपाल: राजस्थान की राजधानी जयपुर में देर रात आए अचानक मौसमीय बदलाव ने हवाई संचालन को प्रभावित कर दिया। तेज़ आंधी, धूल भरे तूफान और दृश्यता में भारी गिरावट के कारण जयपुर एयरपोर्ट पर कुछ समय के लिए विमान उतरना जोखिमपूर्ण हो गया। ऐसे हालात में जयपुर पहुंचने वाली इंडिगो की दो यात्री उड़ानों को वैकल्पिक व्यवस्था के तहत भोपाल के राजा भोज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की ओर मोड़ना पड़ा।
नकारी के अनुसार बेंगलुरु से जयपुर जा रही इंडिगो की उड़ान और कोलकाता से जयपुर के लिए रवाना विमान खराब मौसम के कारण जयपुर एयर ट्रैफिक कंट्रोल से लैंडिंग अनुमति नहीं प्राप्त कर सके। इसके बाद दोनों विमानों के पायलटों ने भोपाल एयर ट्रैफिक कंट्रोल से संपर्क किया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए राजा भोज एयरपोर्ट प्रशासन ने त्वरित निर्णय लेते हुए दोनों विमानों को सुरक्षित लैंडिंग की अनुमति प्रदान की।एयरपोर्ट निदेशक रामजी अवस्थी के अनुसार, भोपाल एयरपोर्ट की टीम ने आपात परिस्थितियों में तेजी से समन्वय स्थापित किया, जिससे दोनों उड़ानें बिना किसी बाधा के सुरक्षित उतारी जा सकीं।
लगभग एक से डेढ़ घंटे तक विमान भोपाल में रुके रहे। इस दौरान यात्रियों के लिए आवश्यक सुविधाओं और आतिथ्य की व्यवस्था एयरलाइन और एयरपोर्ट प्रशासन द्वारा संयुक्त रूप से की गई।बाद में जयपुर में मौसम की स्थिति सामान्य होने और दृश्यता बेहतर होने पर विमानों की तकनीकी जांच तथा आवश्यक औपचारिकताएं पूरी की गईं। इसके पश्चात दोनों उड़ानों को पुनः रवाना किया गया और वे सुरक्षित रूप से अपने निर्धारित गंतव्य जयपुर पहुंच गईं।
इधर, भोपाल की हवाई कनेक्टिविटी को लेकर भी सकारात्मक संकेत मिल रहे हैं। एयर इंडिया एक्सप्रेस ने राजधानी से दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु के लिए नई उड़ान सेवाएं शुरू करने की संभावनाओं को लेकर पहल तेज कर दी है। एयरलाइन की नेटवर्क प्लानिंग टीम ने हाल ही में राजा भोज एयरपोर्ट का दौरा कर यहां उपलब्ध यात्री सुविधाओं, परिचालन व्यवस्था और बुनियादी ढांचे का निरीक्षण किया।
सूत्रों के मुताबिक, एयरलाइन अधिकारियों और एयरपोर्ट प्रबंधन के बीच विस्तृत चर्चा हुई है। यदि प्रस्ताव को अंतिम स्वीकृति मिलती है, तो भोपाल से दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु के लिए यात्रियों को अतिरिक्त उड़ान विकल्प उपलब्ध होंगे, जिससे व्यापारिक, शैक्षणिक और पर्यटन गतिविधियों को भी नया प्रोत्साहन मिलेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि नई उड़ानों की शुरुआत से भोपाल की राष्ट्रीय हवाई नेटवर्क में हिस्सेदारी और मजबूत होगी।
