बंगलादेश में पिछले 24 घंटों में खसरे के कारण 10 और बच्चों की मौत

ढाका, 26 मई (वार्ता) बंगलादेश में पिछले 24 घंटों के दौरान खसरे और उससे मिलते-जुलते लक्षणों के कारण 10 और बच्चों की मौत हो गई। इसके साथ ही इस वर्ष 15 मार्च से अब तक मरने वाले बच्चों की कुल संख्या बढ़कर 555 हो गई है।

हाल ही में हुई मौतों में से एक बच्चे की मौत खसरे से होने की पुष्टि हुई है, जबकि शेष नौ मौतों को संदिग्ध माना गया है। इस 24 घंटे की अवधि के दौरान, देश भर के अस्पतालों में खसरे जैसे लक्षणों वाले 1,083 मरीजों को भर्ती कराया गया, जिनमें से 53 मामलों की प्रयोगशाला जांच में खसरे की पुष्टि हुई है।

बंगलादेश में इस साल अब तक कम से कम 88 बच्चों की मौत खसरे के पुख्ता संक्रमण के कारण हुई है, जबकि 467 बच्चों की मौत इस बीमारी से मिलते-जुलते लक्षणों की वजह से हुई है।

आंकड़ों के मुताबिक, 15 मार्च से 26 मई के बीच प्रयोगशाला परीक्षणों के माध्यम से कुल 8,772 मामलों में खसरे की पुष्टि हो चुकी है। स्वास्थ्य बुलेटिन के अनुसार, देश भर में अब तक 66,023 संदिग्ध मामलों की पहचान की गई है, जिनमें से 48,800 मरीजों को इलाज के बाद अस्पतालों से छुट्टी दी जा चुकी है।

रिपोर्टों के अनुसार, अंतरिम सरकार के कार्यकाल के दौरान देश में टीकाकरण की दर अपनी सर्वोच्च क्षमता 91 प्रतिशत से गिरकर 59 प्रतिशत के सर्वकालिक निचले स्तर पर पहुंच गई थी, जिसके परिणामस्वरूप देश में यह महामारी फैल गई।

इस स्थिति को देखते हुए ढाका प्रशासन नागरिकों के टीकाकरण और टीकों की खरीद के लिए युद्ध स्तर पर काम कर रहा है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री सरदार मो. सखावत हुसैन ने सोमवार को घोषणा की कि देश भर में दो करोड़ से अधिक बच्चों को खसरे का टीका लगाया जा चुका है, जो सरकार के शुरुआती लक्ष्य से कहीं अधिक है। उनके अनुसार, देश के खसरा टीकाकरण कार्यक्रम की लक्ष्य प्राप्ति दर 122 प्रतिशत तक पहुंच गई है।

 

 

 

 

Next Post

जनसुनवाई में 78 शिकायतें पहुंचीं, एसपी ने त्वरित कार्रवाई के दिए निर्देश

Tue May 26 , 2026
जबलपुर। आम जनता की शिकायतों और समस्याओं के त्वरित निराकरण के उद्देश्य से मंगलवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय में जनसुनवाई आयोजित हुई। सुनवाई के दौरान पुलिस अधीक्षक सम्पत उपाध्याय ने शहर एवं ग्रामीण क्षेत्र से पहुंचे शिकायतकर्ताओं की समस्याएं सुनीं। जनसुनवाई में कुल 78 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें अधिकांश मामले […]

You May Like