कोलकाता | अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो अपने चार दिवसीय महत्वपूर्ण भारत दौरे के पहले चरण में शनिवार को कोलकाता पहुंचे। वर्ष 2012 के बाद यह पहली बार है जब कोई अमेरिकी विदेश मंत्री पश्चिम बंगाल की राजधानी आया है। उनके आगमन को ऐतिहासिक और राजनीतिक दृष्टिकोण से बेहद अहम माना जा रहा है। कोलकाता के बाद, रुबियो नई दिल्ली, आगरा और जयपुर की यात्रा करेंगे, जो भारत-अमेरिका के बीच राजनयिक संबंधों को और अधिक प्रगाढ़ बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
अपनी यात्रा के दौरान मार्को रुबियो नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करेंगे। इस दौरान व्यापार, अत्याधुनिक तकनीक, रक्षा सहयोग और क्वाड (QUAD) देशों की भूमिका पर विस्तृत चर्चा होने की संभावना है। 26 मई को होने वाली क्वाड बैठक में रुबियो के अलावा ऑस्ट्रेलिया और जापान के विदेश मंत्री भी शामिल होंगे, जिसकी अध्यक्षता भारतीय विदेश मंत्री एस. जयशंकर करेंगे। यह बैठक क्षेत्रीय सुरक्षा और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति जैसे संवेदनशील विषयों पर केंद्रित रहेगी।
भारत दौरे से पूर्व रुबियो ने भारत को एक ‘महान साझीदार’ करार देते हुए अमेरिकी तेल निर्यात को लेकर प्रतिबद्धता जताई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अमेरिका भारत की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए अपनी उत्पादन क्षमता बढ़ाने को तैयार है। विशेष रूप से मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच, भारत की ऊर्जा सुरक्षा और क्रूड ऑयल आपूर्ति पर होने वाली चर्चाएं अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। रुबियो की यह यात्रा भारत और अमेरिका के बीच भविष्य के रक्षा और आर्थिक गठजोड़ को नई दिशा प्रदान करेगी।

