सतना:एक ओर जहां भीषण गर्मी ने तीखे तेवर दिखाने शुरु कर दिए हैं वहीं दूसरी ओर इन कठिन परिस्थितियों के बीच जल प्रदाय में कटौती किए जाने की जानकारी सामने आते ही लोगों के हाथ-पैर फूलने लगे हैं. दरअसल एनीकट पंप में लीकेज की समस्या के चलते उसकी मरम्मत जरुरी हो गई है. जिसके चलते बुधवार की शाम को होने वाली पानी की सप्लाई पर प्रतिकूल असर पड़ेगा.नगर निगम से प्राप्त जानकारी के अनुसार एनीकट स्थित पंप के एनआरवी यानी नॉन रेवेन्यू वॉटर यानी गैर राजस्व जल के लीकेज की समस्या काफी बढ़ गई है. जिसे देखते हुए बुधवार को उसकी मरम्मत का कार्य किया जाएगा.
एनीकट स्थित पंप के एनआरवी लीकेज की मरम्मत का कार्य बुधवार को सुबह 10 बजे शुरु होगा. जिसके दोपहर 2 बजे तक जारी रहने की संभावना है. लगभग 4 घंटे अथवा उससे अधिक समय तक एनीकट में संधारण कार्य जारी रहने के कारण पंपिंग बंद रहेगी. जिसके चलते उस दौरान वहां से जल प्रदाय नहीं हो सकेगा. नतीजतन शहर के विभिन्न स्थानों पर मौजूद पानी की टंकियों में जल भराव सामान्य की तुलना में 20-25 प्रतिशम कम हो पाएगा. चूंकि शहर में मौजूद टंकियां 25 फीसदी कम भर पाएंगी. लिहाजा उनसे होने वाले जल प्रदाय ममें भी लगभग उतनी ही कटौती की जाएगी.
यानी बुधवार को शाम के समय होने वाली पेयजल सप्लाई में 25 प्रतिशत की कटौती की जाएगी. यह जानकारी सामने आते ही शहर के आमजन असहज महसूस करने लगे. इस व्यवस्था से सबसे अधिक प्रभावित होने वाले लोगों का कहना है कि यह जानकारी नगर निगम द्वारा पहले ही दे दी जानी चाहिए थी. क्योंकि जिन क्षेत्रों में मंगलवार की शाम को पानी की सप्लाई हो चुकी है. उनके पास अगले दिन सामने आने वाली समस्या की कोई सूचना नहीं थी. ऐसी स्थिति में वे भला कैसे जलसंग्रहण कर लेते. इतनी भीषण गर्मी में पानी की कटौती उनके लिए किसी संत्रास से कम नहीं है.
मितव्ययिता की अपील
निगमायुक्त शेर सिंह मीणा ने जानकारी देते हुए बताया कि पूरा प्रयास किया होगा कि एनीकट में मरम्मत कार्य को युद्ध स्तर पर पूरा किया जाए ताकि ताकि नगरवासियों को कम से कम असुविधा का सामना करना पड़े. लेकिन होने वाली मरम्म्मत की वजह से जलापूर्ति में होने वाली कटौती के मद्देनजर नगरवासियों को चाहिए कि वे पहले से ही जल संग्रहण कर लें. इतना ही नहीं बल्कि पेयजल का उपयोग मितव्ययिता के साथ और सावधानी पूर्वक करें. इसी कड़ी में मरम्मत कार्य को निर्धारित एमय में पूरा कर जल प्रदाय व्यवस्था को शीघ्र सामान्य करने के निर्देश दिए गए हैं.
