
बीना। बीना में युवक समेत पांच बच्चों को उतारा, स्टाप कम होने के चलते ट्रेन रवाना बाल कल्याण समिति को सूचना मिलने पर बीना रेलवे जंक्शन पर गुरुवार शाम अंत्योदय एक्सप्रेस की सघन चेकिंग की गई। ट्रेन में बड़ी संख्या में बाल मजदूरों को बिहार से गुजरात ले जाया जा रहा है। चेकिंग के दौरान एक संदिग्ध व्यक्ति को ट्रेन से उतारा गया, जिससे पूछताछ की जा रही है।बाल कल्याण समिति के सदस्यों को ट्रेन नंबर 15559 दरभंगा-अहमदाबाद एक्सप्रेस में बाल मजदूरों के होने की जानकारी मिली थी। यह बच्चे बिहार से गुजरात के कई शहरों में काम करने के लिए ले जाए जा रहे थे।समिति ने इसकी सूचना जबलपुर और भोपाल मंडल के रेल अधिकारियों को भी दी थी। सागर रेलवे स्टेशन पर ट्रेन का स्टॉपेज कम होने के कारण वहां कोई कार्रवाई नहीं हो सकी।पांच बच्चों को उतारा, बाकी रवाना गुरुवार शाम जब ट्रेन बीना स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर एक पर पहुंची, तो बाल कल्याण समिति के सदस्यों के साथ जीआरपी और आरपीएफ के जवानों ने सघन चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान ट्रेन में 100 से अधिक बच्चे गुजरात की ओर जाते हुए पाए गए। समिति के सदस्यों ने एक संदिग्ध राम कुमार दास को ट्रेन से नीचे उतारा।पूछताछ में राम ने बताया कि वह तीन नाबालिग सहित कुल पांच बच्चों को रायसेन ले जा रहा था, जहां उन्हें एक कारखाने में काम पर लगाया जाना था। बीना में भी ट्रेन का ठहराव कम होने के कारण पूरी कार्रवाई नहीं हो पाई और ट्रेन आगे रवाना हो गई।कार्रवाई में प्रमुख रूप से यह रहे मौजूद पूरी कार्रवाई में प्रमुख रूप से मध्यप्रदेश राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग के पूर्व सदस्य ओमकार सिंह, किशोर न्याय बोर्ड के सदस्य सीपी शुक्ला, वंदना तोमर, बाल कल्याण समिति के सदस्य अनिल रैकवार, भगवत शरण वनवारिया, आवाज संस्था मालती पटेल, केएसएस संस्था से नितिन सेन, हरनाम सिंह, प्रशांत सेन, लक्ष्मी अवस्थी, शिवम पाठक, अधिवक्ता अभिषेक राय, दीपेश मिश्रा सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
