जबलपुर: कांग्रेस को किसानों के मुद्दे पर आंदोलन नहीं, बल्कि अपने शासन के दौरान किसानों से किये अपने छल, झूठ और वादाखिलाफी के लिए माफी मांगनी चाहिए और किसानों के नाम पर राजनीति करने वाली कांग्रेस को यह बताना चाहिए कि कांग्रेस शासनकाल में किसानों को समर्थन मूल्य पर उपज बेचने की व्यवस्थित सुविधा क्यों नहीं मिलती थी, जबकि भाजपा सरकार बनने के बाद किसानों को सम्मान, बेहतर समर्थन मूल्य और सुविधाएं मिलीं।
ये तीखी प्रतिक्रिया भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता व विधायक नीरज सिंह लोधी ने गुरूवार को भाजपा संभागीय कार्यालय रानीताल में पत्रकारों से चर्चा के दौरान दीं। इस दौरान उन्होंने ये भी कहा कि कांग्रेस और उसके नेता किसानों को भ्रमित कर राजनीतिक लाभ लेना चाहते हैं, लेकिन प्रदेश का किसान अब कांग्रेस की सच्चाई पहचान चुका है। कांग्रेस अब तो ेये बताए कि उसने अपने शासनकाल में किसानों के हित में कौन-से स्थायी और ऐतिहासिक निर्णय लिए थे? नीरज ने स्पष्ट कहा कि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी को किसानों के मुद्दे पर आरोप लगाने से पहले अपनी पार्टी की 15 महीने की सरकार का रिपोर्ट कार्ड जनता के सामने रखना चाहिए।
किसान हितैशी बनने का प्रयास कर रही कांग्रेस
विधायक नीरज सिंह ने दो टूक ये भी कहा कि मुलताई में 24 किसानों को गोलियों से भूनने वाली कांग्रेस आज किसान हितैशी बनने का प्रयास कर रही है। किसानों के मुद्दे पर कांग्रेस को आत्ममंथन करना चाहिए। 15 महीने की कमलनाथ सरकार ने किसानों से कर्जमाफी का वादा कर लाखों किसानों को डिफॉल्टर बना दिया था। वहीं भाजपा सरकार ने किसानों को ब्याज की राहत देकर किसानों को आत्मनिर्भर बनाया है।
इतना ही नहीं मध्यप्रदेश की किसान हितैशी भाजपा सरकार की नीतियों के कारण केंद्र में कांग्रेस की यूपीए सरकार के दौरान भी कई बार मध्यप्रदेश को कृषि कर्मण अवॉर्ड प्राप्त हो चुका है। अब तक कुल सात बार कृषि कर्मण अवार्ड केंद्र सरकार मध्यप्रदेश को दे चुकी है।
