
इंदौर। पीथमपुर रामकी एनवायरो प्लांट में मंगलवार को हुए ट्रिपल ब्लास्ट से औद्योगिक क्षेत्र में हड़कंप मच गया जिससे आसपास के गांवों में दहशत फैल गई. तेज धमाकों से लोग घरों से बाहर निकल आए, जबकि गनीमत रही कि बड़ा हादसा टल गया और जनहानि नहीं हुई. घटना के बाद प्लांट की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं, वहीं पुलिस और तकनीकी टीम विस्फोट के कारणों की जांच में जुटी है.
प्राप्त जानकारी के अनुसार पीथमपुर औद्योगिक क्षेत्र सेक्टर 2 स्थित रामकी एनवायरो कंपनी में मंगलवार को हुए लगातार तीन जोरदार धमाकों से पूरा इलाका दहल उठा. विस्फोट इतने तेज थे कि करीब एक किलोमीटर दूर तक आवाज सुनाई दी और आसपास के गांवों में कंपन महसूस हुआ. गनीमत रही कि घटना में किसी जनहानि की खबर नहीं है, हालांकि हादसे ने औद्योगिक सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं. धमाकों के बाद नजदीकी तारपुरा और बजरंगपुरा गांवों में दहशत का माहौल बन गया. ग्रामीणों ने पुलिस को बताया कि झटकों की तीव्रता इतनी थी कि घरों में रखे बर्तन और टीवी तक नीचे गिर गए. अचानक हुए धमाकों से लोग घरों से बाहर निकल आए और काफी देर तक भय का माहौल बना रहा. सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंच गई.
सीएसपी रवि सोनेर के मुताबिक, फिलहाल किसी के घायल होने की सूचना नहीं है और स्थिति नियंत्रण में है. थाना प्रभारी ओमप्रकाश अहीर ने बताया कि पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है. कंपनी प्रबंधन ने भी किसी प्रकार की जनहानि से इनकार किया है, लेकिन घटना के कारणों को लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं हो पाई है. तकनीकी विशेषज्ञों की टीम प्लांट के अंदर विस्फोट के कारणों की जांच में जुटी हुई है. गौरतलब है कि कचरा प्रबंधन और निपटान का कार्य करने वाली यह कंपनी पहले भी विवादों में रह चुकी है. पिछले साल भोपाल गैस कांड के जहरीले कचरे के निपटान को लेकर यह राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आई थी. ऐसे में ताजा धमाकों ने एक बार फिर सुरक्षा मानकों और निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.
धमाकों से हिल उठे घर, बन गया था डर का माहौल…
रामकी एनवायरो प्लांट में हुए धमाकों को लेकर प्रत्यक्षदर्शियों विनोद और धीरज ने बताया कि धमाकों की आवाज इतनी तेज थी कि आसपास के गांवों तक झटके महसूस हुए, धमाकों से जहां घर हिल उठे वहीं लोगों में डर का माहौल बन गया. विनोद ने नव भारत को बताया कि अचानक तेज धमाके हुए, जिससे लोग घबराकर घरों से बाहर निकल आए, कई घरों में सामान हिल गया और अफरा तफरी का माहौल बन गया था. वहीं धीरज का कहना है कि धमाकों की तीव्रता इतनी थी कि घरों में रखे बर्तन और टीवी तक नीचे गिर गए. उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाओं से ग्रामीणों में डर और असुरक्षा का माहौल बन रहा है.
