मुंबई | इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 का मंच न केवल चौकों-छक्कों के लिए, बल्कि प्रभावशाली महिला मालिकों और रणनीतिकारों की मौजूदगी के लिए भी चर्चा में है। इस सीजन में महिलाएं केवल ग्लैमर तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वे बोर्डरूम के बड़े फैसलों से लेकर नीलामी की जटिल रणनीतियों तक अपना लोहा मनवा रही हैं। रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) के नए मालिकाना समूह की अगुवाई कर रही अनन्या बिड़ला इस बार सबसे चर्चित चेहरा बनी हैं। आदित्य बिड़ला समूह द्वारा रिकॉर्ड तोड़ 16,706 करोड़ रुपये में टीम खरीदने के बाद अनन्या की लोकप्रियता में जबरदस्त उछाल आया है और सोशल मीडिया पर उनके फॉलोअर्स की संख्या 2 मिलियन के पार पहुंच गई है, जो उनके विजन और युवाओं के बीच उनके क्रेज को दर्शाता है।
लीग की सबसे सफल फ्रेंचाइजी मुंबई इंडियंस की मालकिन नीता अंबानी ने कॉर्पोरेट अनुशासन और व्यक्तिगत जुड़ाव के मेल से टीम को एक वैश्विक ब्रांड बनाया है। उनकी देखरेख में एमआई ने उत्कृष्टता की संस्कृति विकसित की है। दूसरी ओर, सनराइजर्स हैदराबाद की सीईओ और सह-मालकिन काव्या मारन अपनी सक्रिय भागीदारी और नीलामी की मेज पर सटीक फैसलों के लिए जानी जाती हैं। कलानिधि मारन की बेटी काव्या ने बहुत कम समय में खुद को आईपीएल प्रबंधन की एक उभरती हुई ताकत के रूप में स्थापित किया है। स्टेडियम में अपनी टीम का उत्साहवर्धन करती काव्या की तस्वीरें अक्सर सोशल मीडिया पर ट्रेंड करती हैं, जो खेल के प्रति उनके जुनून को बयां करती हैं।
पंजाब किंग्स की सह-मालकिन प्रीति जिंटा 2008 से ही लीग का सबसे जाना-पहचाना और जोशीला चेहरा रही हैं। चुनौतियों के बावजूद उनका आशावाद और प्रशंसकों के साथ जुड़ाव पंजाब किंग्स को एक लोकप्रिय फ्रेंचाइजी बनाए रखता है। वहीं, कोलकाता नाइट राइडर्स की सह-मालकिन जूही चावला, शाहरुख खान और जय मेहता के साथ मिलकर टीम की ब्रांड पहचान को मजबूती प्रदान कर रही हैं। भले ही जूही की शैली शांत हो, लेकिन टीम की स्थिरता और रणनीतिक निर्णयों में उनकी भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। ये सभी पावरफुल महिलाएं साबित कर रही हैं कि आईपीएल की सफलता जितनी मैदान पर खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर निर्भर है, उतनी ही मैदान के बाहर इन विजनरी महिलाओं के नेतृत्व पर भी टिकी है।

