
रतलाम। शहर में लक्कड़पीठा रोड से पुराने बाजना बस स्टैंड तक प्रस्तावित फोरलेन सडक़ के निर्माण को लेकर नगर निगम ने सोमवार को सख्त कार्रवाई करते हुए अतिक्रमण हटाने की मुहिम शुरू की। निगम का अमला पुलिस बल, जेसीबी और बुलडोजर के साथ मौके पर पहुंचा और सडक़ चौड़ीकरण में बाधा बन रहे मकानों और दुकानों के आगे बने हिस्सों को हटाया गया।
कार्रवाई के दौरान कुछ स्थानीय लोगों ने विरोध भी जताया, लेकिन अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई शहर के मास्टर प्लान के तहत की जा रही है और प्रभावितों को पहले ही नोटिस देकर स्वयं अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए जा चुके थे। उल्लेखनीय है कि हाल ही में महापौर प्रहलाद पटेल द्वारा क्षेत्र का निरीक्षण कर अधिकारियों को शेष अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए गए थे। इसके बाद सोमवार को नगर निगम आयुक्त अनिल भाना दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे और जेसीबी की मदद से पक्के निर्माण हटाने की कार्रवाई शुरू कराई। अधिकारियों के अनुसार इस मार्ग पर करीब 27 मकानों और दुकानों के आगे के हिस्से अभी भी अतिक्रमण में आ रहे थे, जिन्हें हटाया जा रहा है।
जारी किए थे नोटिस
आयुक्त अनिल भाना ने बताया कि दो माह पहले सभी प्रभावितों को नोटिस जारी कर दिए गए थे और 9 मार्च तक स्वयं अतिक्रमण हटाने का अंतिम समय दिया गया था। इसके 6 मार्च को महापौर ने आयुक्त के साथ निरीक्षण कर अतिक्रमण हटाने की अपील की थी। साथ ही स्वेच्छा से अतिक्रमण नहीं हटाने पर सख्ती से कार्रवाई करने की चेतावनी दी थी।
नपती में 192 मकानों में 2 से 4 मीटर तक अतिक्रमण मिला
जानकारी के अनुसार चांदनी चौक से लगे लक्कड़पीठा रोड को 18 मीटर चौड़ा डामर फोरलेन बनाया जाना प्रस्तावित है, जो लगभग 600 मीटर लंबाई में पुराने बाजना बस स्टैंड तक तैयार होगा। इस सडक़ के निर्माण पर करीब 6.32 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। नगर निगम द्वारा अक्टूबर-नवंबर में कराई गई नपती में इस मार्ग पर स्थित 192 मकानों में 2 से 4 मीटर तक अतिक्रमण पाया गया था। इसके बाद मकान मालिकों को नोटिस जारी कर अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए गए थे। कई लोगों ने स्वेच्छा से अतिक्रमण हटा लिया, जबकि कुछ मामलों में निगम को कार्रवाई करनी पड़ी।
