
कटनी। बहोरीबंद विकासखंड के ग्राम बचैया स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में मूलभूत सुविधाओं के अभाव को लेकर ग्रामीणों ने गंभीर चिंता जताई है। ग्राम गुना बचैया निवासी सौरभ मिश्रा ने जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर अस्पताल की अव्यवस्थाओं की जांच और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है।
ज्ञापन में बताया गया है कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बचैया का वित्तीय प्रभार पिछले दो वर्षों से खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. आनंद अहिरवार के पास है, लेकिन इसके बावजूद अस्पताल में बुनियादी सुविधाओं की स्थिति बेहद खराब बनी हुई है। अस्पताल में पिछले एक वर्ष से पानी की सप्लाई बंद है, इन्वर्टर खराब पड़ा है और पीने के पानी की भी कोई व्यवस्था नहीं है। ऐसे में गर्भवती महिलाओं को शौच आदि के लिए पानी उनके परिजनों को बाल्टियों से पहुंचाना पड़ता है।
ग्रामीणों का कहना है कि इस अस्पताल में लगभग 30 से 40 गांवों की महिलाएं प्रसव के लिए आती हैं। कई बार रात के समय बिजली न होने के कारण मोबाइल और टॉर्च की रोशनी में प्रसव कराए गए हैं, जिससे जच्चा और बच्चा दोनों की जान को खतरा बना रहता है। खाने-पीने और अन्य व्यवस्थाओं के अभाव में प्रसव के बाद महिलाएं अस्पताल में तीन दिन तक रुकने को भी तैयार नहीं होतीं।
अस्पताल परिसर में चारों ओर झाड़-झंखाड़ फैला हुआ है, जिससे खिड़कियों के जरिए सांप-बिच्छू जैसे जहरीले जीवों के आने का खतरा बना रहता है। कई बार कबर बिज्जू और सांप जैसे जानवर अस्पताल परिसर में देखे भी गए हैं। रात में बिजली चली जाने पर पूरा अस्पताल अंधेरे में डूब जाता है और सुरक्षा की कोई व्यवस्था नहीं रहती। वहीं पूरे अस्पताल में केवल दो ही स्टाफ पदस्थ होने की बात भी सामने आई है।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि इन समस्याओं की जानकारी खंड चिकित्सा अधिकारी को होने के बावजूद पिछले दो वर्षों में कोई ठोस कार्यवाही नहीं की गई। उन्होंने कलेक्टर से अस्पताल की स्थिति की जांच कराने, जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई करने तथा अस्पताल में बिजली-पानी जैसी मूलभूत सुविधाएं तत्काल उपलब्ध कराने की मांग की है, ताकि प्रसूता महिलाओं और नवजात शिशुओं की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
