
इंदौर/खरगोन. पंचायत के विकास कार्यों की स्वीकृति के नाम पर कमीशन मांगने वाले जनपद पंचायत भगवानपुरा के लेखाधिकारी को लोकायुक्त टीम ने 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है.
उप पुलिस अधीक्षक लोकायुक्त इंदौर सुनील तालान ने बताया कि प्रकरण में आवेदक राजेश पंवार, निवासी बिष्टान जिला खरगोन, पेशे से ठेकेदार हैं. उन्होंने ग्राम पंचायत हीरापुर में सीसी रोड और चेकडैम निर्माण कार्य के लिए ठहराव प्रस्ताव बनवाकर 20 जनवरी 2026 को फाइल जनपद पंचायत कार्यालय में प्रस्तुत की थी. आरोप है कि लेखाधिकारी महेंद्र सिंह चौहान ने फाइल आगे बढ़ाने के लिए उसी समय 10 हजार रुपये ले लिए और कहा कि 10 लाख रुपये के कार्य में 5 प्रतिशत सीईओ और 2 प्रतिशत स्वयं का कमीशन लगेगा. आवेदक ने इसकी शिकायत लोकायुक्त संगठन मध्य प्रदेश के पुलिस अधीक्षक राजेश सहाय से की. शिकायत के सत्यापन में आरोप सही पाए गए. इस दौरान आरोपी ने दो नई फाइलों की स्वीकृति के एवज में फिर 10 हजार रुपये की मांग की. इस पर आवेदक ने अंबाह पंचायत से दो नए कार्यों के ठहराव प्रस्ताव मंजूर कराए और तय योजना के अनुसार फाइल रिश्वत राशि के साथ सौंपने की सहमति दी. गुरुवार 26 फरवरी को गठित ट्रैप दल ने खरगोन में कार्रवाई करते हुए लेखाधिकारी चौहान को आवेदक से 10 हजार रुपये लेते हुए रंगे हाथ पकड़ लिया. आरोपी के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है.
