ग्वालियर: शहर एवं आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में सामाजिक चेतना और राष्ट्र निर्माण का संदेश देते हुए 35 से अधिक स्थानों पर हिंदू सम्मेलन आयोजित किए गए। जिसमें वक्ताओं ने कहा कि पंच परिवर्तन-सामाजिक समरसता, पर्यावरण संरक्षण, स्व बोध, नागरिक कर्तव्य एवं कुटुंब प्रबोधन को यदि प्रत्येक नागरिक अपने जीवन में उतार ले, तो भारत का विकास और समृद्धि सुनिश्चित है। समाज की जडें़ मजबूत होंगी और भावी पीढ़ी संस्कारवान बनेगी। इस दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रमों की आकर्षक प्रस्तुतियां भी हुईं। देशभक्ति गीत, नृत्य नाटिकाएं एवं समाज विषयों पर आधारित प्रस्तुतियों ने उपस्थित जनसमूह को भावविभोर कर दिया।
कांटे साहब का बाग में आयोजित शब्द प्रताप बस्ती के हिंदू सम्मेलन के मुख्य वक्ता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ मध्य भारत प्रांत के सह कार्यवाह विजय दीक्षित थे। मुख्य अतिथि संत गोपाल दास महाराज, विशेष अतिथि प्रो.वंदना सेन रहीं। मुख्य वक्ता श्री दीक्षित ने नागरिकों से सनातन संस्कृति, परंपराओं और जीवन मूल्यों को अपनाने का आह्वान किया। वंदना सेन ने कहा कि नारी अगर ठान ले तो समाज परिवर्तन में उसकी महत्वपूर्ण भागीदारी होगी। संत गोपाल दास ने भेदभाव मिटाने और संत रामसेवक दास ने एकजुटता पर जोर दिया। कार्यक्रम का संचालन शिवम सिसौदिया ने एवं आभार प्रभात पाठक ने व्यक्त किया।
चौड़े के हनुमान बिरला नगर में आयोजित सम्मेलन के मुख्य वक्ता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ प्रांत सह प्रमुख नवल शुक्ला ने पंच परिवर्तन के विषय में विस्तार से जानकारी दी। गांधी नगर बस्ती का सम्मेलन भावना मैरिज गार्डन में हुआ। मुख्य वक्ता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ग्वालियर विभाग सह संघचालक रवि अग्रवाल, मुख्य अतिथि जगतगुरु आनंदेश्वरानंद महाराज, विशेष अतिथि मंगलेश्वरी देवी रहीं। संचालन डॉ.नीति पाठक ने किया।
विश्वकर्मा बस्ती का हिंदू सम्मेलन न्यू शांति नगर पार्क में आयोजित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता मध्य भारतीय हिंदी साहित्य सभा के अध्यक्ष डॉ.कुमार संजीव, विशेष अतिथि श्रीमती ऋतु लाल रहीं। इस अवसर पर योग शिक्षिका गीता देवी उपाध्याय एवं कार्यक्रम संयोजक नरेंद्र पचौरी भी मंचासीन रहे। मुख्य वक्ता ने एकजुटता और गाय की महत्ता पर विस्तार से प्रकाश डाला
